अभियान के अंतर्गत थाना जलालपुर क्षेत्र के ताला मझवारा स्थित वनवासी बस्ती एवं बीबीपुर के प्राथमिक विद्यालय, थाना लाइन बाजार क्षेत्र के धन्नोपुर तथा थाना गौराबादशाहपुर क्षेत्र की गजना नट बस्ती सहित विभिन्न स्थानों पर जागरूकता एवं शपथ कार्यक्रम आयोजित किए गए।
ताला मझवारा के वनवासी बस्ती में आयोजित कार्यक्रम को संबोधित करते हुए बाल संरक्षण अधिकारी चंदन राय ने शिक्षा के महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि शिक्षा ही वह माध्यम है, जिससे बच्चे अपने जीवन में आगे बढ़ सकते हैं और गरीबी के दुष्चक्र को तोड़ सकते हैं। उन्होंने बाल विवाह प्रतिषेध अधिनियम के प्रावधानों की जानकारी देते हुए उपस्थित लोगों को बाल विवाह न करने तथा अपने गांव को बाल विवाह मुक्त बनाने की शपथ दिलाई।
इस अवसर पर मानव तस्कर रोधी इकाई के प्रभारी निरीक्षक मुन्ना राम ने बाल विवाह के कारण महिलाओं एवं बालिकाओं को होने वाली शारीरिक, मानसिक और सामाजिक समस्याओं के बारे में जानकारी दी।
महिला कांस्टेबल शिल्पा पांडेय ने महिलाओं एवं किशोरियों को स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं तथा माहवारी स्वच्छता के प्रति जागरूक किया।
मानव संसाधन एवं महिला विकास संस्थान, वाराणसी की समन्वयक पूनम ने भी कार्यक्रम को संबोधित करते हुए बाल विवाह की रोकथाम में समुदाय की सहभागिता पर जोर दिया।
थाना लाइन बाजार क्षेत्र के धन्नोपुर स्थित नट बस्ती में आयोजित जागरूकता कार्यक्रम की अध्यक्षता ग्राम प्रधान ने की। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए बाल संरक्षण अधिकारी चंदन राय ने कहा कि गांव एवं परिवार की सामाजिक-आर्थिक स्थिति में सकारात्मक बदलाव लाने के लिए बच्चों को शिक्षित करना और निर्धारित आयु से पहले उनका विवाह न करना आवश्यक है। उन्होंने अभिभावकों से अपील की कि सभी बच्चों को नियमित रूप से विद्यालय भेजें तथा घर पर भी उनकी पढ़ाई पर ध्यान दें। उन्होंने स्पष्ट किया कि सरकार द्वारा निर्धारित विवाह की न्यूनतम आयु पूरी होने के बाद ही विवाह किया जाना चाहिए। वर्तमान कानूनी प्रावधानों के अनुसार लड़कियों के लिए न्यूनतम आयु 18 वर्ष तथा लड़कों के लिए 21 वर्ष है।
कार्यक्रम में उपस्थित लोगों ने हाथ उठाकर बाल विवाह न करने तथा अपनी ग्राम पंचायत को बाल विवाह मुक्त बनाने की शपथ ली। साथ ही यह संकल्प भी लिया कि बाल विवाह से संबंधित किसी भी मामले की जानकारी मिलने पर चाइल्ड हेल्पलाइन नंबर 1098 पर सूचना दी जाएगी।
कार्यक्रम में जिला प्रोबेशन कार्यालय के कनिष्ठ लिपिक राजकुमार मौर्य, चाइल्ड हेल्पलाइन से विकास बेनुवंशी तथा वन स्टॉप सेंटर, करंजाकला से सुनील यादव सहित संबंधित विभागों के प्रतिनिधि एवं स्थानीय नागरिक उपस्थित रहे।
थाना लाइन बाजार क्षेत्र के धन्नोपुर स्थित नट बस्ती में आयोजित जागरूकता कार्यक्रम की अध्यक्षता ग्राम प्रधान ने की। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए बाल संरक्षण अधिकारी चंदन राय ने कहा कि गांव एवं परिवार की सामाजिक-आर्थिक स्थिति में सकारात्मक बदलाव लाने के लिए बच्चों को शिक्षित करना और निर्धारित आयु से पहले उनका विवाह न करना आवश्यक है। उन्होंने अभिभावकों से अपील की कि सभी बच्चों को नियमित रूप से विद्यालय भेजें तथा घर पर भी उनकी पढ़ाई पर ध्यान दें। उन्होंने स्पष्ट किया कि सरकार द्वारा निर्धारित विवाह की न्यूनतम आयु पूरी होने के बाद ही विवाह किया जाना चाहिए। वर्तमान कानूनी प्रावधानों के अनुसार लड़कियों के लिए न्यूनतम आयु 18 वर्ष तथा लड़कों के लिए 21 वर्ष है।
कार्यक्रम में उपस्थित लोगों ने हाथ उठाकर बाल विवाह न करने तथा अपनी ग्राम पंचायत को बाल विवाह मुक्त बनाने की शपथ ली। साथ ही यह संकल्प भी लिया कि बाल विवाह से संबंधित किसी भी मामले की जानकारी मिलने पर चाइल्ड हेल्पलाइन नंबर 1098 पर सूचना दी जाएगी।
कार्यक्रम में जिला प्रोबेशन कार्यालय के कनिष्ठ लिपिक राजकुमार मौर्य, चाइल्ड हेल्पलाइन से विकास बेनुवंशी तथा वन स्टॉप सेंटर, करंजाकला से सुनील यादव सहित संबंधित विभागों के प्रतिनिधि एवं स्थानीय नागरिक उपस्थित रहे।