Tuesday, 13 October 2026 | 5:20 AM
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बेगूसराय : शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र से नामांकन नहीं होने पर गजेंद्र ने दी सफाई

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 बेगूसराय : शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र से नामांकन नहीं होने पर गजेंद्र ने दी सफाई
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 बेगूसराय से द दस्तक 24 प्रतिनिधि डॉ राम उदय शर्मा 
शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र संख्या 05 दरभंगा निर्वाचन क्षेत्र अन्तर्गत साहेबपुरकमाल निवासी गजेंद्र कुमार ने एन आर कटाने के बाद भी नामांकन नहीं होने पर अपनी सफाई दी है और अपने समर्थक साथियों को सकारात्मक सोच और हौसला को बुलन्द बनाए रखने की अपील की है। उन्होंने कहा जिन बंधुओं को ऐसा लगता होगा कि गजेन्द्र कुमार शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र दरभंगा से अपना नामांकन वापस ले लिया लेकिन ऐसी बात नहीं है।गजेन्द्र कुमार नीति सिद्धान्त की लड़ाई लड़ने वाले है, किसी के न दबाव में आने वाले है न किसी के साथ अपने अपने स्वाभिमान का सौदा करने वाले है। उन्होंने कहा मेरा नामांकन नहीं होना हमारी लक्ष्य विहीनता नहीं बल्कि सरकार की गलत नीति और व्यवस्था में बैठे विषमता वादी मानसिकता इसका कारण रहा हैं। नामांकन नहीं हुआ इसके लिए हम दरभंगा शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र के सभी मतदाताओं एवं कार्यकर्ताओं का इसके लिए हम सभी साथियों शिक्षकों का क्षमाप्रार्थी हूँ।अब अगले चुनाव की तैयारी पूरी लगनशीलता के साथ करना है।सदन से न सही सड़क से शिक्षकों की समस्याओं को अनवरत उठाने का काम करुँगा। और सरकार के गलत नीति का विरोध करूगा उन्होंने कहा चुनाव आयोग को चुनाव प्रक्रिया को सरल बनाना होगा इस बार जिस तरह से नामांकन प्रक्रिया थी वह इस तरह हुआ ,1.22nd September को सूचना दिया चुनाव होगा I 29th September से nomination शुरू कर दिया और 6th September को अंतिम भी हो गया है I जिसमें 2 और 4 को छुट्टी था बांकी 6 दिन उसमें भी nomination times 11am to 3pm ही था। इसका मतलब केवल 24 घंटे ही मिले nomination के लिए जो ठीक नहीं कहा जा सकता है I क्यों की एमएलसी चुनाव 4 जिला को मिला कर होता है। जोकि दरभंगा से अन्य जिला काफ़ी दूर होता। जिसके वजह उम्मीदवारों को काफी परेशानी होती है I लेकिन इनके परेशानी कोई मैने नहीं रखता है।इस लिए लोकतंत्र को मजबूत बनाने के लिए चुनाव का सरल प्रक्रिया बनाने की जरूरत है।
 10 अक्टुबर को अंतिम उम्मीदवार निश्चित होता है। 
चुनाव 23 October को होना है I क्या ये सम्भव होगा अपनी-अपनी बात हरेक मतदाताओं तक पहुंचने के लिए पर्याप्त नहीं है। नामांकन से पहले फाइनल 
 चुनाव लिस्ट नहीं दिया गया है, उम्मीदवार को उसे बोला गया ये कि दस दिनों के बाद मिलेगा जिससे प्रस्तावक को चुनने और सत्यापन करने मे काफी दिक्कतें हुई I 
 बहुत सारे वोटर गुमराह हो रहे हैं, और उसे कुछ शिक्षा माफ़िया द्वारा भ्रमित किया जा रहा है Iकोशी स्नातक निर्वाचन क्षेत्र में 18 जिले होते हैं उन्होंने कहा कम समय में इतना बड़ा क्षेत्र में वोटरों से मिलना मुश्किल होता हैं इस पर चुनाव आयोग को नियम में संशोधन करना चाहिए था।