सब ठीक हो रहा है स्ट्रेट ऑफ होर्मुज पर : आदर्श कुमार (सम्पादक दस्तक मीडिया ग्रुप)

अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने रविवार को मिडिल ईस्ट में वाशिंगटन और तेहरान के बीच जारी संघर्ष और तनाव की समाप्ति को लेकर बड़ा बयान दिया है। उन्होंने कहा कि ईरान और अमेरिका के बीच शांति समझौते को लेकर एक समझौते पर काफी हद तक बातचीत पूरी हो चुकी है। इससे तीन महीने पुरान युद्ध के खत्म होने और एक बड़ा समझौता होने की उम्मीदें बढ़ गई हैं।
रॉयटर्स की रिपोर्ट के मुताबिक, ट्रंप ने कहा कि पाकिस्तान की मध्यस्थता में तैयार हो रहे इस समझौते के तहत स्ट्रेट ऑफ होर्मुज को फिर से खोला जाएगा। यह दुनिया के सबसे महत्वपूर्ण समुद्री व्यापार के रास्तों में से एक है, जिसके बंद होने की वजह से वैश्विक ऊर्जा संकट गहरा गया है। स्ट्रेट ऑफ होर्मुज के बढ़ते तनाव से भारत ही नहीं सम्पूर्ण विश्व को ईंधन से जुडी समस्या का सामना करना पड़ा।

गौरतलब है की स्ट्रेट ऑफ होर्मुज दुनिया का सबसे महत्वपूर्ण और संकरा समुद्री तेल मार्ग है, जो फ़ारस की खाड़ी को ओमान की खाड़ी और अरब सागर से जोड़ता है। इसके उत्तर में ईरान और दक्षिण में ओमान तथा संयुक्त अरब अमीरात स्थित हैं। दुनिया भर का लगभग 20 प्रतिशत पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस इसी संकरे रास्ते से होकर गुजरता है। प्रतिदिन करीब 2 करोड़ बैरल तेल के टैंकर यहाँ से निकलते हैं। भारत के लिए होर्मुज जलडमरूमध्य उसकी आर्थिक और ऊर्जा सुरक्षा की सबसे बड़ी लाइफलाइन है। भारत अपनी आवश्यकता का लगभग 88 प्रतिशत से अधिक कच्चा तेल आयात करता है, जिसमें से आधे से अधिक इसी मार्ग से होकर गुजरता है।

यह जलमार्ग लगभग 167 किलोमीटर लंबा है। इसके दोनों मुहाने लगभग 50 किलोमीटर चौड़े हैं, लेकिन सबसे संकरे स्थान पर इसकी चौड़ाई केवल 33 किलोमीटर ही रह जाती है। यह क्षेत्र हमेशा भू-राजनीतिक उथल-पुथल का केंद्र रहा है। ईरान और अमेरिका के बीच तनाव के दौरान, इस मार्ग को लेकर अक्सर विवाद पैदा होते रहे हैं, जिससे तेल की कीमतों और अंतरराष्ट्रीय व्यापार पर सीधा असर पड़ता है। यह मार्ग दुनिया की अर्थव्यवस्था की मुख्य धमनियों में से एक है, क्योंकि फारस की खाड़ी के तेल उत्पादक देशों (जैसे सऊदी अरब, कुवैत, कतर, बहरीन और ईरान) के लिए खुले समुद्र तक पहुँचने का यही एकमात्र प्रमुख रास्ता है। जरूरी है वैश्विक तनातनी शांत हो और स्ट्रेट ऑफ होर्मुज का लाभ सम्पूर्ण विश्व के देशों को मिले।

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