फर्रुखाबाद:(द दस्तक 24 न्यूज़) 31 मार्च 2026 जनपद में स्कूली बच्चों की सुरक्षा को लेकर प्रशासन ने कड़ा रुख अपनाते हुए स्कूल वाहनों के खिलाफ व्यापक अभियान चलाने का निर्णय लिया है। 1 अप्रैल से 15 अप्रैल 2026 तक विशेष चेकिंग अभियान संचालित किया जाएगा, जिसमें सभी स्कूल वाहनों की सघन जांच होगी और अनफिट पाए जाने वाले वाहनों को सीज किया जाएगा।
एआरटीओ प्रवर्तन सुभाष राजपूत ने जानकारी देते हुए बताया कि परिवहन विभाग और शिक्षा विभाग द्वारा विकसित पोर्टल पर सभी विद्यालयों को अपने-अपने स्कूल वाहनों का पूरा विवरण अनिवार्य रूप से दर्ज करना होगा। इसके साथ ही एक शपथ पत्र भी अपलोड करना होगा, जिसमें भरी गई जानकारी की सत्यता प्रमाणित की जाएगी।
पोर्टल पर वाहन से संबंधित सभी जरूरी जानकारी जैसे फिटनेस, परमिट, प्रदूषण प्रमाण पत्र (PUC) और बीमा की वैधता दर्ज करनी होगी। इसके अलावा वाहन चालक का ड्राइविंग लाइसेंस, चरित्र सत्यापन और विद्यालय परिवहन सुरक्षा समिति की बैठकों का विवरण भी अपलोड करना अनिवार्य होगा। निर्देशों का पालन न करने वाले विद्यालयों के खिलाफ संबंधित शिक्षा बोर्ड द्वारा कार्रवाई की जाएगी।
जनपद में कुल 486 स्कूल वाहन पंजीकृत हैं, जिनमें से 130 वाहनों की फिटनेस समाप्त हो चुकी है। इनमें 33 वाहन 15 वर्ष से अधिक पुराने हैं, जबकि नियमों के अनुसार स्कूली वाहनों की अधिकतम आयु 15 वर्ष निर्धारित है। इसके अलावा 218 वाहनों के परमिट भी समाप्त हो चुके हैं, जो गंभीर चिंता का विषय है।
जिलाधिकारी के निर्देश पर इस अभियान के दौरान पुलिस और परिवहन विभाग संयुक्त रूप से कार्रवाई करेंगे। अनफिट वाहनों को तुरंत सीज किया जाएगा, जबकि बेसिक शिक्षा अधिकारी (BSA) और जिला विद्यालय निरीक्षक (DIOS) ऐसे स्कूलों के खिलाफ मान्यता समाप्त करने और एफआईआर दर्ज कराने की प्रक्रिया भी शुरू करेंगे।
प्रशासन ने सभी विद्यालय संचालकों से अपील की है कि जो वाहन अब उपयोग में नहीं हैं, उनके पंजीयन प्रमाण पत्र निरस्त कराएं। साथ ही जिन वाहनों की फिटनेस समाप्त हो गई है, उन्हें तुरंत फिटनेस परीक्षण कराकर वैध कराया जाए, ताकि किसी भी प्रकार की कानूनी कार्रवाई से बचा जा सके।
यह अभियान बच्चों की सुरक्षा सुनिश्चित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
