Saturday, 24 October 2026 | 2:05 PM
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गया: शोषित समाज दल ने प्रशासन से मच्छररोधी दवा छिड़काव की मांग की

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गया:  शोषित समाज दल ने प्रशासन से मच्छररोधी दवा छिड़काव की मांग की
शोषित समाज दल के जिलाध्यक्ष शिशुपाल कुमार ने गया नगर निगम,बोधगया नगर परिषद समेत जिला के सभी नगर पंचायत के प्रशासन से मांग किया है कि शहर में बढ़ते मच्छरों के प्रकोप से निजात दिलाया जाए।
उन्होंने बताया कि खासकर गयाजी और बोधगया में गंदगी का अंबार लगा है।सड़कों पर अतिक्रमण और सार्वजनिक शौचालयों की कमी से स्थानीय नागरिकों के साथ-साथ देश-विदेश से आने वाले पर्यटकों को भी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।
स्थानीय लोगों की शिकायत है कि संध्या होते ही मच्छरों का प्रकोप बढ़ जाता है। मच्छरदानी, कॉइल और मच्छर भगाने वाले लिक्विड का इस्तेमाल करने के बावजूद लोगों को राहत नहीं मिल रही है। इससे लोगों की नींद और दैनिक जीवन प्रभावित हो रहा है। ऐसे में नगर निगम गया जी एवं नगर परिषद बोधगया समेत जिला के सभी शहरी बसावटों में मच्छररोधी दवा का छिड़काव करना जरूरी है तथा जलजमाव वाले स्थानों की सफाई कराने की जरूरत है।
शिशुपाल ने कहा कि गया और बोधगया में 
 प्रतिदिन देश-विदेश से हजारों श्रद्धालु और पर्यटक पहुंचते हैं। बहुतेरे पर्यटक वजीरगंज होते गहलौर घाट भी जाते हैं। गंदगी के कारण शहर का नाम भी बदनाम हो रहा है। कई स्थानों पर गंदगी, सड़कों की खराब स्थिति और फुटपाथों पर दुकानों के अतिक्रमण के कारण लोगों को आवागमन में कठिनाई होने की शिकायतें सामने आती रहती हैं।
सार्वजनिक शौचालयों और मूत्रालयों की पर्याप्त व्यवस्था नहीं होने से भी परेशानी होती है। जगह जगह पर मूत्रालय नहीं बनाने के कारण कुछ स्थानों पर लोग सड़क किनारे खुले में पेशाब करने को मजबूर  हैं। जिससे स्वच्छता और पर्यावरण पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ता है।
शोसद नेता शिशुपाल  ने  गयाजी नगर  और बोधगया नगर, परिषद  समेत सभी शहरी   प्रशासन, स्वास्थ्य विभाग तथा संबंधित जनप्रतिनिधियों से मांग की है कि इन समस्याओं को गंभीरता से लेते हुए नियमित सफाई, मच्छररोधी दवा का छिड़काव, नालियों की सफाई, सड़कों की मरम्मत, अतिक्रमण की जांच और सार्वजनिक शौचालयों की उचित व्यवस्था सुनिश्चित की जाए।
साथ ही, संबंधित अधिकारियों से अनुरोध किया गया है कि प्रभावित क्षेत्रों का स्थलीय निरीक्षण कराकर जांच प्रतिवेदन तैयार किया जाए और आवश्यक कार्रवाई की जाए, ताकि आम नागरिकों को राहत मिलने के साथ बोधगया आने वाले विदेशी पर्यटकों के सामने भी स्वच्छ और सुंदर शहर की छवि प्रस्तुत की जा सके।
उन्होंने कहा कि यह समस्या केवल गया नगर निगम और बोधगया नगर परिषद का ही नहीं है,बल्कि वजीरगंज, टिकारी, शेरघाटी, फतेहपुर, खिजरसराय की भी समस्या है।  जिला प्रशासन को इस पर ध्यान देना चाहिए।