हरदोई: शिल्पी कुशवाहा हत्याकांड पर उबाल—राष्ट्रपति के नाम जिलाधिकारी को सौंपा गया ज्ञापन, कठोर कार्रवाई की मांग

हरदोई:(द दस्तक 24 न्यूज़) 23 अप्रैल 2026 जनपद में चर्चित शिल्पी कुशवाहा हत्याकांड को लेकर समाज में आक्रोश लगातार बढ़ता जा रहा है। इसी क्रम में राष्ट्रीय फूले संघ के नेतृत्व में सामाजिक संगठनों एवं पीड़ित परिवार ने जिलाधिकारी के माध्यम से राष्ट्रपति के नाम ज्ञापन सौंपकर न्याय की गुहार लगाई।

ज्ञापन में बताया गया कि 13 अप्रैल को थाना मल्लावां क्षेत्र के ग्राम गढ़ी रसूलपुर की निवासी शिल्पी कुशवाहा की कथित रूप से ऋषभ द्विवेदी और उसके पिता प्रमोद द्विवेदी द्वारा बेहद निर्मम तरीके से फावड़े से काटकर हत्या कर दी गई। इस घटना को समाज के लिए अत्यंत भयावह बताते हुए इसे कानून-व्यवस्था की बड़ी विफलता करार दिया गया।

ज्ञापन में यह भी उल्लेख किया गया कि पीड़िता ने पहले ही अपनी जान को खतरा होने की सूचना पुलिस और वरिष्ठ अधिकारियों को दी थी, लेकिन समय रहते कोई प्रभावी कार्रवाई नहीं की गई। आरोप है कि यदि प्रशासन सतर्कता दिखाता तो इस जघन्य अपराध को रोका जा सकता था।

हालांकि पुलिस ने आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है, लेकिन सामाजिक संगठनों का कहना है कि अब तक की कार्रवाई अपर्याप्त और औपचारिक नजर आ रही है। इसी को लेकर ज्ञापन में कई महत्वपूर्ण मांगें रखी गई हैं।

मुख्य मांगें इस प्रकार हैं:

आरोपियों के खिलाफ त्वरित और निष्पक्ष सुनवाई कर फांसी की सजा दिलाई जाए।

मामले में लापरवाही बरतने वाले पुलिस अधिकारियों पर सख्त कार्रवाई हो तथा थाना मल्लावां के एसएचओ का स्थानांतरण किया जाए।

प्रकरण की निष्पक्ष जांच के लिए सीबीआई जांच कराई जाए।

पीड़ित परिवार को कम से कम 50 लाख रुपये का मुआवजा दिया जाए।

आरोपियों की संपत्ति जब्त कर उस पर बुलडोजर कार्रवाई की जाए।

पीड़ित परिवार के एक सदस्य को सरकारी नौकरी प्रदान की जाए।

ज्ञापन में चेतावनी दी गई है कि यदि समय रहते मांगों पर ठोस कार्रवाई नहीं हुई, तो समाज के लोग आंदोलन के लिए बाध्य होंगे।

इस दौरान राष्ट्रीय फूले संघ की राष्ट्रीय अध्यक्ष एडवोकेट अंजली सैनी सहित सैनी, कुशवाह, शाक्य, मौर्य समाज के कई प्रतिनिधि मौजूद रहे। पीड़ित परिवार के सदस्य—शिव देवी, वीरेन्द्र, सुनी कुशवाहा, राजेश सैनी और रोहित कुशवाहा ने भी न्याय की मांग दोहराई।

यह घटना पूरे क्षेत्र में चर्चा का विषय बनी हुई है और लोग दोषियों के खिलाफ सख्त से सख्त कार्रवाई की मांग कर रहे हैं।