फर्रुखाबाद:(द दस्तक 24 न्यूज़) 21 जुलाई 2026 उच्च जोखिम गर्भवती (एचआरपी) एवं जननी सुरक्षा योजना (जेएसवाई) की लाभार्थी महिलाओं को आवश्यकता पड़ने पर समय से सुरक्षित रक्त उपलब्ध कराने के उद्देश्य से डॉ. राम मनोहर लोहिया पुरुष चिकित्सालय, फर्रुखाबाद द्वारा सामाजिक संस्थाओं के सहयोग से निरंतर स्वैच्छिक रक्तदान शिविर आयोजित किए जा रहे हैं। इसी क्रम में 20 जुलाई 2026 को जेसीज ग्रेटर कायमगंज, फर्रुखाबाद के सहयोग से अग्रवाल धर्मशाला, कायमगंज में एक स्वैच्छिक रक्तदान शिविर का आयोजन किया गया।
शिविर में युवाओं, समाजसेवियों और स्थानीय नागरिकों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। इस दौरान कुल 67 यूनिट रक्त संग्रहित किया गया। एकत्रित रक्त का उपयोग आवश्यकता पड़ने पर विशेष रूप से प्रसव के दौरान रक्त की जरूरत वाली एचआरपी एवं जेएसवाई की महिलाओं सहित अन्य गंभीर मरीजों के उपचार में किया जाएगा।
मातृ मृत्यु रोकने में रक्त की उपलब्धता बेहद जरूरी
मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. आनंद उपाध्याय ने कहा कि गर्भावस्था और प्रसव के दौरान अचानक होने वाला रक्तस्राव कई बार मातृ मृत्यु का कारण बन जाता है। ऐसी परिस्थितियों में रक्त बैंक में पर्याप्त मात्रा में सुरक्षित रक्त उपलब्ध होना अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने बताया कि स्वास्थ्य विभाग का लक्ष्य यह सुनिश्चित करना है कि जिले की किसी भी गर्भवती महिला को रक्त के अभाव में उपचार से वंचित न होना पड़े।
बिना प्रतिस्थानी दाता के भी मिल रहा रक्त
डॉ. उपाध्याय ने जानकारी दी कि जननी सुरक्षा योजना के अंतर्गत पात्र महिलाओं को बिना प्रतिस्थानी (Replacement Donor) के भी रक्त उपलब्ध कराया जा रहा है। हाल ही में योजना की लाभार्थी महिलाओं को 04 यूनिट रक्त बिना प्रतिस्थानी दाता के उपलब्ध कराया गया, जिससे उन्हें समय पर उपचार मिल सका और गंभीर स्थिति से राहत मिली।
आगे भी नियमित लगेंगे शिविर
उन्होंने बताया कि डॉ. राम मनोहर लोहिया पुरुष चिकित्सालय द्वारा विभिन्न सामाजिक एवं स्वयंसेवी संस्थाओं के सहयोग से भविष्य में भी नियमित रूप से स्वैच्छिक रक्तदान शिविर आयोजित किए जाते रहेंगे। इसका उद्देश्य रक्त बैंक को सदैव पर्याप्त मात्रा में सुरक्षित रक्त से समृद्ध रखना है, ताकि विशेष रूप से एचआरपी एवं जेएसवाई की महिलाओं को आपातकालीन स्थिति में तत्काल रक्त उपलब्ध कराया जा सके।
जिलेवासियों से रक्तदान की अपील
मुख्य चिकित्सा अधिकारी ने जिलेवासियों से अधिक से अधिक संख्या में स्वैच्छिक रक्तदान करने की अपील करते हुए कहा, “आपका एक यूनिट रक्त किसी माँ और उसके नवजात के जीवन की सुरक्षा का आधार बन सकता है।” उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य विभाग सुरक्षित मातृत्व और जनसेवा के इस अभियान को जनसहभागिता के माध्यम से निरंतर आगे बढ़ाता रहेगा।
