यूपी बोर्ड रिजल्ट : बेटियों का परचम, यूपी बोर्ड में फिर छाईं छात्राएं

मुश्किलें चाहे जितनी हों, जब हौसले और मेहनत का साथ हो तो सफलता की राह खुद बन जाती है। यूपी बोर्ड के इस वर्ष के नतीजे यही कहानी बयां करते हैं। उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षा परिषद की हाईस्कूल और इंटरमीडिएट परीक्षा में एक बार फिर बेटियों ने शानदार प्रदर्शन करते हुए बाजी मार ली है। हाईस्कूल में 93.76 फीसदी और इंटरमीडिएट में 86.32 फीसदी छात्राएं उत्तीर्ण होकर छात्रों से काफी आगे रहीं। खास बात यह रही कि टॉपर्स की सूची में भी बेटियों का दबदबा कायम रहा। हाईस्कूल में 97.83 प्रतिशत अंकों के साथ सीतापुर की कशिश वर्मा और बाराबंकी की अंशिका वर्मा ने संयुक्त रूप से पहला स्थान हासिल किया, जबकि इंटरमीडिएट में शिखा वर्मा ने 97.60 प्रतिशत अंकों के साथ प्रदेश में शीर्ष स्थान प्राप्त किया। टॉप-10 मेरिट सूची में भी बेटियों का जलवा देखने को मिला। हाईस्कूल की टॉप-10 सूची में शामिल 115 मेधावियों में 81 छात्राएं हैं, जबकि इंटरमीडिएट की टॉप-10 सूची में शामिल 23 मेधावियों में 14 छात्राएं शामिल हैं। इन आंकड़ों से साफ है कि बेटियां न सिर्फ पास हो रही हैं, बल्कि मेरिट में भी लगातार अपनी मजबूत उपस्थिति दर्ज करा रही हैं।

परीक्षा परिणाम के आंकड़ों पर नजर डालें तो हाईस्कूल में कुल 23,52,181 परीक्षार्थी उत्तीर्ण घोषित हुए हैं, जिनमें 11,79,319 छात्राएं शामिल हैं। वहीं, इंटरमीडिएट में 9,82,610 छात्र और 10,15,707 छात्राएं सफल हुई हैं। इंटरमीडिएट में छात्राओं का उत्तीर्ण प्रतिशत लड़कों से 11.28 फीसदी अधिक रहा।

वर्ष 2022 से लेकर 2025 तक हर साल हाईस्कूल और इंटरमीडिएट की परीक्षाओं में छात्राओं का प्रदर्शन बेहतर रहा है। सीतापुर, बाराबंकी, बरेली जैसे जिलों की बेटियों ने लगातार टॉप कर यह साबित किया है कि ग्रामीण पृष्ठभूमि भी उनकी उड़ान को रोक नहीं सकती। इस वर्ष भी सीतापुर और बाराबंकी जैसे जिलों की बेटियों ने टॉप कर यह संदेश दिया है कि प्रतिभा किसी संसाधन की मोहताज नहीं होती। यूपी बोर्ड परीक्षा-2026 के नतीजे एक बार फिर यह साबित करते हैं कि बेटियां अब शिक्षा के हर मोर्चे पर आगे बढ़ रही हैं और सफलता की नई इबारत लिख रही हैं।