Friday, 30 October 2026 | 6:43 PM
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वैभव को लेकर दिए बयान पर अश्विन को क्यों देनी पड़ी सफाई, आखिर क्या बोले थे?

पूर्व भारतीय स्पिनर रविचंद्रन अश्विन ने युवा बल्लेबाज वैभव सूर्यवंशी को लेकर दिए अपने 'ड्रिंक्स सर्व करने' वाले बयान पर सफाई दी है। अश्विन ने कहा कि उनकी टिप्पणी का उद्देश्य 15 वर्षीय बल्लेबाज का मजाक उड़ाना नहीं था, बल्कि यह बताना था कि अगर किसी युवा खिलाड़ी को कुछ समय बेंच पर बैठना पड़े तो वह भी उ
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वैभव को लेकर दिए बयान पर अश्विन को क्यों देनी पड़ी सफाई, आखिर क्या बोले थे?

पूर्व भारतीय स्पिनर रविचंद्रन अश्विन ने युवा बल्लेबाज वैभव सूर्यवंशी को लेकर दिए अपने 'ड्रिंक्स सर्व करने' वाले बयान पर सफाई दी है। अश्विन ने कहा कि उनकी टिप्पणी का उद्देश्य 15 वर्षीय बल्लेबाज का मजाक उड़ाना नहीं था, बल्कि यह बताना था कि अगर किसी युवा खिलाड़ी को कुछ समय बेंच पर बैठना पड़े तो वह भी उसके विकास का अहम हिस्सा होता है।

अपने यूट्यूब चैनल पर अश्विन ने कहा, 'मैंने पहले कहा था कि वैभव सूर्यवंशी कुछ समय बाहर बैठ सकता है, साथियों के लिए ड्रिंक्स ले जा सकता है। मेरा यह बयान किसी भी तरह से अपमानजनक नहीं था। मेरा मतलब सिर्फ इतना था कि उसे वहां बैठकर बहुत कुछ सीखने का मौका मिलेगा। उसकी सीखने की यात्रा अभी बहुत लंबी है। अगर वह बाहर बैठकर खेल को समझेगा तो और बेहतर खिलाड़ी बनेगा। उसे टीम से बाहर करने या शामिल करने की बात मत कीजिए, उसे विकसित होने दीजिए। वह भविष्य में शानदार खिलाड़ी बनेगा।'

वैभव सूर्यवंशी ने इंग्लैंड के खिलाफ टी20 सीरीज में डेब्यू किया था, लेकिन तेज गेंदबाज जोफ्रा आर्चर की शॉर्ट गेंदों के सामने वह सहज नहीं दिखे। हालांकि इसके बाद जिम्बाब्वे के खिलाफ उन्होंने शानदार वापसी करते हुए दो अर्धशतक लगाए और अपनी प्रतिभा का परिचय दिया।

अश्विन ने कहा कि अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में हर बल्लेबाज की कुछ ताकत और कुछ कमजोरियां होती हैं। उन्होंने उदाहरण देते हुए कहा कि महान बल्लेबाज रिकी पोंटिंग भी शॉर्ट गेंद पर आउट हुए हैं, इसलिए वैभव को एक-दो पारियों के आधार पर नहीं आंका जाना चाहिए। उन्होंने कहा, 'आप बताइए, शॉर्ट गेंद के खिलाफ सबसे मजबूत बल्लेबाज कौन था? रिकी पोंटिंग? क्या वह कभी शॉर्ट गेंद पर आउट नहीं हुए? बिल्कुल हुए। हर खिलाड़ी की अपनी ताकत और कमजोरी होती है। अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में यह सामान्य बात है। अपनी ताकत दिखाइए, कमजोरियों पर पर्दा डालिए और पर्दे के पीछे लगातार उन पर काम कीजिए। उसने ट्रेंट ब्रिज में जोफ्रा आर्चर का कितनी बार सामना किया था? ये सब अनुभव का हिस्सा हैं। हम किसी खिलाड़ी का करियर इतनी जल्दी खत्म घोषित नहीं कर सकते और न ही उसे इतनी जल्दी खारिज कर सकते हैं।'