फर्रुखाबाद:(द दस्तक 24 न्यूज़) 04 जुलाई 2026 उत्तर प्रदेश पुलिस के “ऑपरेशन कनविक्शन” अभियान एवं “मिशन शक्ति 5.0” (द्वितीय चरण) के तहत महिला एवं बाल अपराधों में प्रभावी पैरवी का सकारात्मक परिणाम सामने आया है। वर्ष 2017 के एक पॉक्सो मामले में विशेष न्यायालय ने आरोपी को दोषी ठहराते हुए सात वर्ष के कठोर कारावास और 40 हजार रुपये के अर्थदंड की सजा सुनाई है।
पुलिस के अनुसार, थाना मऊदरवाजा में वर्ष 2017 में दर्ज मुकदमा अपराध संख्या 198/2017, धारा 363, 366, 376 भारतीय दंड संहिता तथा 3/4 पॉक्सो एक्ट के तहत आरोपी आनन्द शाक्य पुत्र राधेश्याम निवासी भूपत नगला के विरुद्ध मुकदमा पंजीकृत किया गया था। विवेचना पूर्ण होने के बाद पुलिस ने आरोपी के खिलाफ न्यायालय में आरोप पत्र दाखिल किया।
मामले में फतेहगढ़ पुलिस टीम, मॉनिटरिंग सेल, अभियोजन पक्ष, कोर्ट पैरोकार एवं कोर्ट मोहर्रिर द्वारा प्रभावी पैरवी की गई। इसके परिणामस्वरूप 4 जुलाई 2026 को विशेष न्यायाधीश पॉक्सो कोर्ट ने आरोपी को दोषसिद्ध करते हुए 7 वर्ष के कठोर कारावास तथा 40,000 रुपये के अर्थदंड से दंडित किया।
इस मामले में प्रभावी पैरवी में एडीजीसी तेज सिंह, एडीजीसी बिकास कटियार, कोर्ट मोहर्रिर मुख्य आरक्षी राजेश कुमार तथा पैरोकार आरक्षी गुलाम गौस की महत्वपूर्ण भूमिका रही।
पुलिस अधिकारियों ने बताया कि “ऑपरेशन कनविक्शन” के तहत गंभीर अपराधों में दोषियों को शीघ्र एवं कठोर सजा दिलाने के लिए प्रभावी पैरवी लगातार जारी है, जिससे अपराधियों में कानून का भय बना रहे और पीड़ितों को समयबद्ध न्याय मिल सके।
