फर्रुखाबाद:(द दस्तक 24 न्यूज़) 19 जुलाई 2026 राष्ट्रीय बाल विज्ञान कांग्रेस (National Children’s Science Congress–NCSC) के जिला समन्वयक एवं म्युनिसिपल इंटर कॉलेज, फतेहगढ़ के प्रधानाचार्य कैप्टन गिरिजा शंकर ने जनपद के समस्त माध्यमिक विद्यालयों के छात्र-छात्राओं से राष्ट्रीय बाल विज्ञान कांग्रेस-2026 में अधिक से अधिक पंजीकरण कर प्रतिभाग करने का आह्वान किया है। उन्होंने कहा कि यह प्रतियोगिता विद्यार्थियों में वैज्ञानिक दृष्टिकोण, शोध क्षमता एवं नवाचार को विकसित करने का एक उत्कृष्ट मंच है, जिससे वे बाल वैज्ञानिक के रूप में अपनी पहचान बना सकते हैं।
कैप्टन गिरिजा शंकर ने बताया कि वर्ष 2026 की राष्ट्रीय बाल विज्ञान कांग्रेस की मुख्य थीम “टिकाऊपन के लिए विज्ञान और नवाचार (Science and Innovation for Sustainability)” निर्धारित की गई है। इसके अंतर्गत 10 से 17 वर्ष आयु वर्ग के विद्यार्थी निम्नलिखित पाँच उप-विषयों में से किसी एक विषय पर मौलिक शोध-आधारित प्रोजेक्ट तैयार कर प्रतिभाग करेंगे—
कचरा प्रबंधन हेतु R5 – Reduce (कम करें), Reuse (पुनः उपयोग करें), Retrieve (पुनः प्राप्त करें), Redesign (पुनः डिज़ाइन करें) एवं Recycle (पुनर्चक्रण करें)।
ऊर्जा हेतु E4 – Explore (अन्वेषण करें), Experiment (प्रयोग करें), Enhance (बढ़ाएँ) एवं Evolve (विकसित करें)।
जल – संचयन, दोहन, पुनर्चक्रण एवं संरक्षण।
खाद्य, कृषि एवं स्वास्थ्य।
निरंतरता (Sustainability) के लिए भारतीय ज्ञान प्रणालियों का अनुप्रयोग।
उन्होंने स्पष्ट किया कि इस प्रतियोगिता में किसी भी प्रकार के क्रियाशील अथवा अक्रियाशील मॉडल प्रस्तुत नहीं किए जाएंगे। प्रतिभागियों को केवल शोध-आधारित प्रोजेक्ट तैयार करना होगा, जिसमें तथ्य, साक्ष्य, वैज्ञानिक अध्ययन एवं मौलिकता अनिवार्य होगी। किसी भी प्रकार की नकल स्वीकार नहीं की जाएगी।
उन्होंने बताया कि प्रतियोगिता का शुभारंभ 15 जुलाई 2026 से विद्यालय स्तर पर हो चुका है। इसके पश्चात प्रतियोगिता का आयोजन ब्लॉक, जिला, राज्य एवं राष्ट्रीय स्तर पर किया जाएगा। विद्यालय स्तर पर संबंधित प्रधानाचार्य विज्ञान शिक्षकों के माध्यम से विद्यार्थियों से प्रोजेक्ट तैयार कराएंगे।
कैप्टन गिरिजा शंकर ने बताया कि आंचलिक विज्ञान केंद्र, लखनऊ में आयोजित प्रशिक्षण में वैज्ञानिक दृष्टिकोण, नवाचार एवं शोध संस्कृति को बढ़ावा देने पर विशेष बल दिया गया। उन्होंने कहा कि विद्यार्थियों द्वारा तैयार किए जाने वाले सभी प्रोजेक्ट पूर्णतः मौलिक, वास्तविक एवं शोधपरक होने चाहिए।
उन्होंने बताया कि जूनियर वर्ग में कक्षा 6 से 9 के वे छात्र-छात्राएं प्रतिभाग कर सकेंगे जिनकी जन्मतिथि 1 जनवरी 2013 से 31 दिसंबर 2016 के बीच है (आयु 10 से 14 वर्ष), जबकि सीनियर वर्ग में कक्षा 10 से 12 के वे छात्र-छात्राएं प्रतिभाग करेंगे जिनकी जन्मतिथि 1 जनवरी 2011 से 31 दिसंबर 2013 के बीच है (आयु 14 से 17 वर्ष)। दिव्यांग विद्यार्थियों के लिए आयु सीमा लागू नहीं होगी तथा उनका वर्गीकरण अध्ययनरत कक्षा के आधार पर किया जाएगा।
उन्होंने बताया कि प्रोजेक्ट निर्माण संबंधी दिशा-निर्देश जनपद के एडेड विद्यालय समूह पर साझा कर दिए गए हैं। ब्लॉक स्तरीय प्रतियोगिता के लिए सभी ब्लॉकों के नोडल नियुक्त किए जा चुके हैं तथा प्रतियोगिता संबंधित ब्लॉक नोडल के विद्यालय में ही आयोजित होगी।
जिला विद्यालय निरीक्षक संजीव कुमार द्वारा नियुक्त किये गए ब्लॉक नोडल इस प्रकार हैं—
कमालगंज – श्री बलविंदर सिंह, प्रधानाचार्य, आर.पी. इंटर कॉलेज, कमालगंज।
शमसाबाद – श्री प्रशांत कुमार राय, प्रवक्ता (भौतिक विज्ञान), राजकीय मॉडल स्कूल, रोशनाबाद।
राजेपुर – श्रीमती रीता कुमारी यादव, सहायक अध्यापक, राजकीय बालिका इंटर कॉलेज, राजेपुर।
बढ़पुर – श्री चन्द्र प्रताप सिंह, सहायक अध्यापक (विज्ञान), रस्तोगी इंटर कॉलेज, फर्रुखाबाद।
नवाबगंज – श्री धरनीधर पाण्डेय, सहायक अध्यापक, राजेन्द्र सिंह इंटर कॉलेज, नवाबगंज।
कायमगंज – डॉ. मनोज तिवारी, सहायक अध्यापक (विज्ञान), सी.पी.वी.एन., कायमगंज।
मोहम्मदाबाद – श्री सोभित मिश्रा, सहायक अध्यापक, भारतीय विद्यालय इंटर कॉलेज, महेश नगर, मोहम्मदाबाद।
जिला विद्यालय निरीक्षक ने सभी ब्लॉक नोडलों एवं उनके प्रधानाचार्यों को अपने-अपने विद्यालयों में ब्लॉक स्तरीय प्रतियोगिता का समयबद्ध एवं गुणवत्तापूर्ण आयोजन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं।
कैप्टन गिरिजा शंकर ने बताया कि प्रतियोगिता में प्रतिभाग हेतु विद्यार्थियों का ऑनलाइन पंजीकरण अनिवार्य है। पंजीकरण https://n-csc.in/register पर किया जा सकता है। केवल पंजीकृत छात्र-छात्राएं ही प्रतियोगिता में प्रतिभाग कर सकेंगे तथा सभी पंजीकृत प्रतिभागियों को प्रमाण-पत्र प्रदान किया जाएगा। प्रत्येक विद्यालय से जूनियर एवं सीनियर वर्ग में 5 से 10 छात्र-छात्राओं को ब्लॉक स्तर पर प्रतिभाग करने का अवसर मिलेगा।
उन्होंने बताया कि किसी भी प्रकार की जानकारी अथवा समस्या के समाधान हेतु जिला समन्वयक कैप्टन गिरिजा शंकर अथवा जिला अकादमिक समन्वयक वेदराम शर्मा, प्रधानाचार्य, कृष्णा कुमारी राजेन्द्र सिंह इंटर कॉलेज, मंझना से संपर्क किया जा सकता है।
अंत में जिला विद्यालय निरीक्षक संजीव कुमार ने जनपद के सभी माध्यमिक विद्यालयों के प्रधानाचार्यों से अधिकतम छात्र-छात्राओं का पंजीकरण सुनिश्चित करने का आह्वान करते हुए कहा कि राष्ट्रीय बाल विज्ञान कांग्रेस विद्यार्थियों में वैज्ञानिक सोच, अनुसंधान एवं नवाचार की भावना विकसित करने का एक महत्वपूर्ण मंच है, जिसका अधिकाधिक लाभ जनपद के विद्यार्थियों तक पहुंचाया जाना चाहिए।
