टीवी एक्ट्रेस संचिता उगले, जो ‘कुमकुम भाग्य’ में दिया टंडन के किरदार के लिए जानी जाती थीं, उनका अंतिम संस्कार उनकी मौत के 9 दिन बाद 23 जून को किया गया। वह सिर्फ 26 साल की थीं।
रिपोर्ट्स के मुताबिक, संचिता का पार्थिव शरीर उनके पैतृक गांव डोंगरगांव (अहिल्यानगर जिले के अकोला क्षेत्र) ले जाया गया, जहां परिवार और करीबी लोगों की मौजूदगी में उनका अंतिम संस्कार किया गया। बताया गया कि परिवार ने पारंपरिक ‘दशक्रिया’ रस्म भी निभाई, जो आमतौर पर अविवाहित लोगों के लिए की जाती है। जहां आम तौर पर शोक की रस्में 13 दिन तक चलती हैं, वहीं उनके परिवार ने अपनी परंपरा के अनुसार 10 दिन में ही ये रस्में पूरी कर लीं। पुलिस के अनुसार, संचिता की मौत आत्महत्या बताई जा रही है। वह अपने घर के एक बंद कमरे में मिली थीं। उन्हें तुरंत अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। इस मामले में एडीआर दर्ज कर लिया गया है और पुलिस हर पहलू से जांच कर रही है, जिसमें उनकी निजी और प्रोफेशनल जिंदगी भी शामिल है।
मौत के बाद से ही संचिता के परिवार ने इस घटना पर सवाल उठाए हैं। उनके पिता का आरोप है कि संचिता मानसिक रूप से परेशान थीं और उन्हें परेशान किया जा रहा था।
उनके पिता ने कहा, ‘इंडस्ट्री के कुछ लोग उन पर दबाव डाल रहे थे। वह घर पर बहुत परेशान रहती थीं। बाहर से सब ठीक लगता था, लेकिन अंदर से वह घुटन महसूस कर रही थीं। मेरी बेटी ने इंडस्ट्री के लोगों के दबाव में आकर आत्महत्या की है।’
संचिता के कजिन आकाश उगाले ने भी दावा किया कि उन्हें एंटरटेनमेंट इंडस्ट्री में टारगेट किया जा रहा था। उन्होंने इस मामले की तुलना दिवंगत एक्टर सुशांत सिंह राजपूत के केस से करते हुए पूरी जांच की मांग की।
