फर्रुखाबाद:एकीकृत बागवानी विकास मिशन के तहत किसानों को मिलेगा भारी अनुदान, ट्रैक्टर से मशरूम यूनिट तक योजनाओं का लाभ

 
फर्रुखाबाद:(द दस्तक 24 न्यूज़) 14 मई 2026 एकीकृत बागवानी विकास मिशन के अंतर्गत किसानों को आधुनिक कृषि एवं बागवानी को बढ़ावा देने के उद्देश्य से विभिन्न योजनाओं पर अनुदान उपलब्ध कराया जा रहा है। परियोजना आधारित बागवानी मशीनीकरण योजना के तहत ट्रैक्टर (20 बीएचपी तक), पॉवर ट्रिलर, पॉवर नैपसेक स्प्रेयर, इकोफ्रेंडली लाइट ट्रैक तथा पुराने बागों के जीर्णोद्धार पर कुल लागत का 35 प्रतिशत अनुदान दिया जाएगा। वहीं मौनपालन से जुड़ी इकाइयों पर कुल लागत का 50 प्रतिशत तक अनुदान अनुमन्य किया गया है।प्री-हार्वेस्ट प्रबंधन योजना के तहत हाईटेक नर्सरी स्थापना (1 से 2 हेक्टेयर) के लिए 60 लाख रुपये की अनुमन्य लागत पर निजी क्षेत्र को 40 प्रतिशत यानी 24 लाख रुपये की क्रेडिट लिंक्ड बैंक एंडेड सब्सिडी दी जाएगी। इसके अलावा छोटी नर्सरी निर्माण (0.4 से 1 हेक्टेयर) पर 20 लाख रुपये प्रति हेक्टेयर की लागत के आधार पर 50 प्रतिशत अनुदान दिया जाएगा। नर्सरी के बुनियादी ढांचे को उन्नत करने हेतु प्रति लाभार्थी अधिकतम 2 हेक्टेयर तक 4 लाख रुपये प्रति हेक्टेयर की लागत पर 50 प्रतिशत सहायता उपलब्ध कराई जाएगी।टिश्यू कल्चर लैब स्थापना के लिए 250 लाख रुपये की अनुमन्य लागत पर निजी क्षेत्र को 40 प्रतिशत यानी 100 लाख रुपये तक की सब्सिडी प्रदान की जाएगी। वहीं शाकभाजी एवं मसाला बीज उत्पादन (आलू, मटर आदि) के लिए 50 हजार रुपये प्रति हेक्टेयर लागत पर 35 प्रतिशत यानी 17,500 रुपये प्रति हेक्टेयर तक, अधिकतम 2 हेक्टेयर क्षेत्रफल तक लाभ दिया जाएगा।रोगमुक्त सब्जी बीज उत्पादन (मिनी सेंटर ऑफ एक्सीलेंस) योजना के तहत 120 लाख रुपये की लागत पर 50 प्रतिशत यानी 60 लाख रुपये की क्रेडिट लिंक्ड सब्सिडी मिलेगी। बीज विधायन केंद्र स्थापना के लिए 300 लाख रुपये प्रति इकाई लागत पर 50 प्रतिशत यानी 150 लाख रुपये तक का अनुदान दिया जाएगा।मशरूम उत्पादन को बढ़ावा देने के लिए मशरूम उत्पादन इकाई स्थापना पर 30 लाख रुपये की लागत पर 40 प्रतिशत सब्सिडी तथा स्पॉन निर्माण इकाई पर 20 लाख रुपये प्रति यूनिट तक सहायता दी जाएगी। वहीं छोटे स्तर पर मशरूम उत्पादन इकाई के लिए 200 वर्गफुट संरचना पर 2 लाख रुपये प्रति यूनिट की लागत पर 50 प्रतिशत सहायता उपलब्ध होगी। कम्पोस्ट उत्पादन इकाई के लिए 30 लाख रुपये की लागत पर 40 प्रतिशत यानी 12 लाख रुपये तक की सब्सिडी प्रदान की जाएगी।इच्छुक कृषकों को आवेदन के साथ दो फोटो, आधार कार्ड की फोटोकॉपी, बैंक पासबुक की प्रति, खसरा-खतौनी की प्रति तथा 10 रुपये के स्टांप पेपर पर नोटरी कराना आवश्यक होगा। साथ ही AgriStack पोर्टल पर कृषक आईडी होना अनिवार्य है।किसान कार्यालय- आलू एवं शाकभाजी विकास अधिकारी, कमरा नंबर-57, विकास भवन फतेहगढ़, जनपद फर्रुखाबाद में आवेदन कर योजनाओं का निःशुल्क लाभ प्राप्त कर सकते हैं।