पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान को उनकी आपत्तिजनक वीडियो के लिए श्री अकाल तख्त साहिब ने गुरु का दोषी और पंथ विरोधी करार दिया है. आज पांच सिंह साहिबानों की मीटिंग में ये फैसला लिया गया.
अकाल तख्त जत्थेदार ज्ञानी कुलदीप सिंह गड़गज ने फैसला सुनाते हुए कहा कि सिख संगत मुख्यमंत्री का बहिष्कार करें. उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री ने वीडियो के बारे में अकाल तख्त साहिब पर आकर झूठ बोला कि ये वीडियो AI द्वारा बनाई गई है. उन्होंने कहा कि जो शख्स अकाल तख्त साहिब पर आकर झूठ बोल सकता है और वीडियो जैसा दिख रहा है वैसी हरकत कर सकता है उससे सिख पंथ हितैषी फैसलों की उम्मीद नहीं की जा सकती. साथ ही पंजाब सरकार द्वारा गुरु ग्रंथ साहिब की बेअदबी करने वालों को सख्त सजा दिलाने के लिए बनाए गए कानून “जागत जोत श्री गुरु ग्रंथ साहिब सत्कार संशोधन बिल” पर जिन भी सिख विधायकों ने हस्ताक्षर किए हैं उन्हें और सारी कैबिनेट को 29 जून को अकाल तख्त पर समन किया है.
क्योंकि इस बिल को बनाने के लिए सरकार ने सिख स्कॉलर्स और संस्थाओं से सही विमर्श नहीं किया. इसके लिए इस पर हस्ताक्षर करने वाले सभी सिख विधायकों और सारी कैबिनेट को 29 जून को अकाल तख्त साहिब पर समन किया गया है.
