फर्रुखाबाद:(द दस्तक 24 न्यूज़) 13 अगस्त 2026 जनपद में गंगा नदी का जलस्तर लगातार चेतावनी बिंदु से ऊपर बना हुआ है, जिसके चलते जिले में बाढ़ की स्थिति बनी हुई है। सिंचाई खंड की रिपोर्ट के अनुसार 13 अगस्त को गंगा नदी का जलस्तर 136.95 मीटर दर्ज किया गया, जबकि चेतावनी बिंदु 136.60 मीटर और खतरे का निशान 137.10 मीटर है। रामगंगा नदी का जलस्तर फिलहाल बिलो गेज रहा।
बाढ़ के कारण जिले की तीनों तहसीलों के कुल 62 गांव प्रभावित हुए हैं। इनमें तहसील सदर के 12, कायमगंज के 20 और अमृतपुर के 30 गांव शामिल हैं। इन प्रभावित गांवों में कुल 44,532 लोगों और 11,599 परिवारों के प्रभावित होने की जानकारी प्रशासन ने दी है।
24 अस्थायी बाढ़ शरणालय स्थापित
बाढ़ प्रभावित लोगों के लिए जनपद में मूलभूत सुविधाओं से युक्त 24 अस्थायी बाढ़ शरणालय स्थापित किए गए हैं। इनमें मंडी समिति शमसाबाद, रहमानिया गर्ल्स इंटर कॉलेज तथा रामनिवास डिग्री कॉलेज चित्रकोट राजेपुर सहित तीन शरणालयों का उपयोग किया जा रहा है। इन शरणालयों में अब तक 588 लोगों ने प्रवास किया, जिन्हें पका हुआ भोजन उपलब्ध कराया गया।
इसके अलावा बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में 52 अस्थायी बाढ़ चौकियां संचालित हैं, जहां आवश्यकतानुसार कार्मिकों की तैनाती की गई है।
67 नाव और 18 मोटरबोट तैनात
आवागमन, खोज एवं बचाव कार्यों के लिए जिले में कुल 67 नावें और 18 मोटरबोट लगाई गई हैं। तहसील सदर में 19 नावें और 6 मोटरबोट, कायमगंज में 20 नावें और 5 मोटरबोट तथा अमृतपुर में 28 नावें और 7 मोटरबोट तैनात हैं।
राहत एवं बचाव कार्यों को प्रभावी बनाने के लिए एक एनडीआरएफ टीम और एक कंपनी फ्लड पीएसी मोटरबोट एवं आवश्यक उपकरणों के साथ तैनात है। इसके अतिरिक्त 53 स्वयंसेवी गोताखोर भी उपलब्ध हैं, जिनका जरूरत के अनुसार उपयोग किया जा रहा है।
160 मेडिकल कैंप, 8,929 लोगों का उपचार
बाढ़ प्रभावित गांवों में स्वास्थ्य सेवाओं के लिए अब तक 160 मेडिकल कैंप लगाए गए हैं। इन शिविरों में 8,929 लोगों का उपचार किया जा चुका है। प्रभावित क्षेत्रों में 10,816 ओआरएस पैकेट और 10,332 क्लोरीन टैबलेट वितरित की गई हैं।
प्रशासन के अनुसार बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में आवश्यकतानुसार लगातार मेडिकल कैंप लगाए जा रहे हैं तथा एंटी स्नेक वेनम और एआरवी पर्याप्त मात्रा में उपलब्ध हैं।
पशुओं के लिए भी राहत इंतजाम
बाढ़ प्रभावित गांवों में 60 पशु शिविर स्थापित किए गए हैं। इन शिविरों में अब तक 3,710 पशुओं का उपचार और 9,063 पशुओं का टीकाकरण किया गया है। पशु राहत शिविरों में रहने वाले पशुओं के लिए 120 कुंतल भूसा वितरित किया जा चुका है।
7,274 परिवारों को खाद्यान्न पैकेट वितरित
बाढ़ प्रभावित परिवारों की मदद के लिए प्रशासन द्वारा राहत सामग्री का वितरण लगातार जारी है। अब तक 7,274 प्रभावित परिवारों को खाद्यान्न पैकेट वितरित किए जा चुके हैं।
वहीं, बाढ़ से पूर्ण रूप से क्षतिग्रस्त हुए पक्के मकानों के लिए 21 परिवारों को कुल 25 लाख 20 हजार रुपये की धनराशि वितरित की जा चुकी है।
प्रशासन की ओर से बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में राहत, बचाव, स्वास्थ्य सेवाओं, पशु चिकित्सा और खाद्य सामग्री वितरण का कार्य लगातार जारी है। नदी के जलस्तर पर भी निरंतर निगरानी रखी जा रही है।
