भारतीय महिला क्रिकेट टीम की विकेटकीपर-बल्लेबाज यास्तिका भाटिया ने क्रिकेट के मक्का कहे जाने वाले लॉर्ड्स क्रिकेट ग्राउंड पर इतिहास रच दिया। इंग्लैंड के खिलाफ खेले जा रहे एकमात्र टेस्ट मैच के तीसरे दिन यास्तिका ने शानदार शतक जड़ते हुए लॉर्ड्स के मैदान पर टेस्ट शतक लगाने वाली पहली महिला क्रिकेटर बनने का गौरव हासिल किया। यह यास्तिका के अंतरराष्ट्रीय करियर का पहला टेस्ट शतक भी है। उन्होंने 145 गेंदों में अपना शतक पूरा किया, जिसमें 12 शानदार चौके शामिल रहे। इस यादगार पारी के दम पर उन्होंने लॉर्ड्स के प्रतिष्ठित ऑनर्स बोर्ड में अपना नाम दर्ज करा लिया। तीसरे दिन लंच तक यास्तिका 91 रन बनाकर नाबाद थीं। लंच के बाद उन्होंने किसी भी तरह की घबराहट नहीं दिखाई और इंग्लैंड की तेज गेंदबाज इसी वोंग के खिलाफ लगातार दो चौके जड़ दिए। इसके बाद कवर की दिशा में एक रन लेकर उन्होंने अपना ऐतिहासिक शतक पूरा किया। दिन की शुरुआत में यास्तिका को किस्मत का भी साथ मिला। इंग्लैंड की तेज गेंदबाज लॉरेन बेल की पहली ही गेंद उनके ऑफ स्टंप से टकराई, लेकिन बेल्स नहीं गिरीं। इस जीवनदान का पूरा फायदा उठाते हुए यास्तिका ने संयम और आक्रामकता का बेहतरीन मिश्रण दिखाया। उन्होंने खासकर सीधे और कवर क्षेत्र में शानदार स्ट्रोक्स खेले। जैसे ही यास्तिका ने अपना शतक पूरा किया, वह भावुक हो गईं। उन्होंने घुटनों के बल बैठकर लॉर्ड्स की ऐतिहासिक पिच को चूमा। स्टेडियम में मौजूद दर्शकों ने खड़े होकर तालियों की गड़गड़ाहट के साथ उनका स्वागत किया। यह पल भारतीय महिला क्रिकेट के लिए भी बेहद खास बन गया।
IND W vs ENG W: लॉर्ड्स में यास्तिका भाटिया ने रचा इतिहास
