Tuesday, 15 September 2026 | 2:41 PM
भारत

मंत्रिमंडल के फैसले : ओबीसी के उप वर्गीकरण को लेकर गठित आयोग का कार्यकाल बढ़ा, जापान से सहयोग समझौते को मंजूरी

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में बुधवार को हुई कैबिनेट की बैठक में भारत और जापान सरकार के बीच हुए सहभागिता से जुड़े समझौते को मंजूरी दे दी गई। इस मंजूरी के बाद दोनों देश आपस में कुशल कामगारों को अपने-अपने देशों में मौका देने के लिए मूलभूत ढांचा तैयार करेंगे। यही नहीं कैबिनेट ने अन्य पिछड़ा
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मंत्रिमंडल के फैसले : ओबीसी के उप वर्गीकरण को लेकर गठित आयोग का कार्यकाल बढ़ा, जापान से सहयोग समझौते को मंजूरी
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प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में बुधवार को हुई कैबिनेट की बैठक में भारत और जापान सरकार के बीच हुए सहभागिता से जुड़े समझौते को मंजूरी दे दी गई। इस मंजूरी के बाद दोनों देश आपस में कुशल कामगारों को अपने-अपने देशों में मौका देने के लिए मूलभूत ढांचा तैयार करेंगे। यही नहीं कैबिनेट ने अन्य पिछड़ा वर्ग (ओबीसी) के उप-वर्गीकरण को लेकर गठित आयोग के कार्यकाल को और छह महीने बढ़ाने की मंजूरी भी दे दी।
भारत और जापान सरकार के बीच हुए सहभागिता से जुड़े समझौते को मंजूरी दिए जाने से देश के कुशल कामगार अब जापान जाकर अपना हुनर दिखा सकेंगे। समाचार एजेंसी पीटीआइ के मुताबिक, जापान अपने यहां भारत के कुशल कामगारों को काम के अवसर देने के लिए राजी हो गया है। इसी तरह जापान के कुशल कामगार भी विशेष क्षेत्र में भारत में आकर अपनी सेवा दे सकेंगे।
लगभग 10 साल पहले भारत और जापान के बीच व्यापक आर्थिक साझेदारी (सीपा) समझौता हुआ था। इसके तहत भारतीय कामगारों को जापान के सेवा क्षेत्र में मौका देने की बात थी, लेकिन भारत को इसका कोई फायदा नहीं मिला। बुधवार को कैबिनेट की मंजूरी के बाद भारतीय श्रमिकों को जापान में काम दिलाने के लिए नए तरीके से प्रयास किया जाएगा।
समझौते के मुताबिक जापान में 14 विशेष क्षेत्रों में कुशल भारतीयों को काम करने का अवसर मिलेगा। लेकिन इसके लिए कौशल और जापानी भाषा की परीक्षा पास करनी होगी। इन विशेष क्षेत्रों में नर्सिंग देखभाल, इमारतों की सफाई, प्रसंस्करण उद्योग, औद्योगिक मशीनरी निर्माण उद्योग, इलेक्टि्रक एवं इलेक्ट्रॉनिक सूचना संबंधी उद्योग, निर्माण, पोत निर्माण और संबंधित उद्योग, वाहनों के रखरखाव, विमानन, अस्थायी आवास, कृषि, मछली पालन, खाद्य वस्तुएं व पेय निर्माण उद्योग, खानपान सेवा उद्योग मुख्य रूप से शामिल हैं।
जापान सरकार अपने यहां भारतीय कामगारों को निर्दिष्ट कुशल कामगार का दर्जा देगी। कामगारों की कुशलता की जांच का तंत्र भी तैयार किया जाएगा। इस प्रकार के सभी काम के लिए दोनों देश आपसी रजामंदी से एक संयुक्त कार्यबल का गठन करेंगे जो आपसी समझौते के अनुपालन को सुनिश्चित करेगा। इस प्रकार की सहभागिता से भारत और जापान के बीच आपसी संपर्क में मजबूती के साथ ही भारत के कुशल कामगार और पेशेवरों को जापान भेजने में मदद मिलेगी।
कैबिनेट ने अन्य पिछड़ा वर्ग (ओबीसी) के उप-वर्गीकरण को लेकर गठित आयोग के कार्यकाल को और छह महीने बढ़ाने की मंजूरी दे दी है। आयोग का कार्यकाल 31 जनवरी को खत्म हो रहा था।

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आदर्श कुमार

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