Tuesday, 15 September 2026 | 11:06 AM
उत्तर प्रदेश

पीलीभीत जनपद की निकायों के विकास के लिए सात करोड़ मंजूर

पीलीभीत शासन ने निकाय क्षेत्रों के विकास कार्यों के लिए नए वर्ष में सौगात के रूप में 6.85 करोड़ रुपये की धनराशि जारी की है। इससे निकाय क्षेत्रों में विकास की रफ्तार को बढ़ावा मिलेगा। प्रदेश के नगर विकास विभाग द्वारा पीलीभीत नगर पालिका के लिए 3.79 करोड़, पूरनपुर नगर पालिका के लिए 1.39 लाख एवं बीसलपुर न
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पीलीभीत जनपद की निकायों के विकास के लिए सात करोड़ मंजूर
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पीलीभीत शासन ने निकाय क्षेत्रों के विकास कार्यों के लिए नए वर्ष में सौगात के रूप में 6.85 करोड़ रुपये की धनराशि जारी की है। इससे निकाय क्षेत्रों में विकास की रफ्तार को बढ़ावा मिलेगा।

प्रदेश के नगर विकास विभाग द्वारा पीलीभीत नगर पालिका के लिए 3.79 करोड़, पूरनपुर नगर पालिका के लिए 1.39 लाख एवं बीसलपुर नगर पालिका के लिए 3.10 लाख की धनराशि मंजूर की है। इसके अलावा जनपद की नगर पंचायत बरखेड़ा के लिए 38.43 लाख नगर पंचायत बिलसंडा के लिए 53.21 लाख, नगर पंचायत गुलड़िया भिंडारा (मझोला) के लिए 22.72 लाख, नगर पंचायत जहानाबाद के लिए 44.79 लाख, नगर पंचायत कलीनगर के लिए 42.16 लाख, नगर पंचायत पकड़िया नौगवा के लिए 35.28 लाख एवं नगर पंचायत न्यूरिया हुसैनपुर के लिए 65.53 लाख की धनराशि मंजूर की गई हैं। शासन से नगर पालिकाओं एवं नगर पंचायतों के लिए जारी की गई उक्त धनराशि से निकाय क्षेत्रों में जन सुविधाओं के लिए विकास कार्य कराना आसान होगा।

जनपद की नगर पालिकाओं एवं नगर पंचायतों के लिए शासन से अवमुक्त की गई धनराशि से क्षेत्रों में जन आकांक्षाओं के अनुरूप विकास कार्य कराए जाने में आसानी होगी। इससे क्षेत्रों का एक ओर विकास होगा, वहीं क्षेत्र की जनता के लिए निकाय प्रशासन आधारभूत सुविधाएं मुहैया कराने में आसानी होगी। -संजय सिंह गंगवार, राज्यमंत्री

पीलीभीत के शहर में विकास का दायरा बढ़ेगा। इसमें नए सिर से सर्किल को व्यवस्थित रूप देने के लिए महायोजना का प्रारूप तय कर दिया गया है। आने वाले दिनों में नियोजित विकास का क्रम तैयार करते हुए शहर के चारों ओर विकास को तय किया जा सके।\

विनियमित क्षेत्र और रिहायशी इलाकों में विस्तार किया जाएगा। इसमें यह तय होगा कि कामर्शियल और रिहायशी आवासीय परिसर कहां-कहां विकसित किए जा सकते हैं। साल 2021 में कोरोना के कारण स्थगित रही महायोजना के प्रारूप को अब 2031 के लिहाज से बनाया गया है। इसके बाद पिछले साल आपत्तियों को लिया गया था। निस्तारण करने के बाद इसे अक्तूबर 2022 में मंजूरी के लिए शासन को भेजा गया था। तब से पत्रावली वहीं पर है। इसकी मंजूरी होते ही इसे अमलीजामा पहनाया जाएगा।

शामिल हो सकते हैं और 25 गांव
महायोजना 2031 की मंजूरी के बाद दायरा भी बढ़ जाएगा। इसमें आसपास के करीब 25 गांवों को और जोड़ने की तैयारी है। यदि यह गांव इसमें शामिल हो जाते हैं तो शहर का दायरा और बढ़ जाएगा।

महायोजना की मंजूरी के लिए शासन को भेजा गया है। शासन से इसकी मंजूरी का इंतजार किया जा रहा है।- सुनील कुमार सिंह, सिटी मजिस्ट्रेट