Tuesday, 15 September 2026 | 3:21 PM
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फर्रुखाबाद:मनरेगा में लापरवाही पर बड़ी कार्रवाई,कमालगंज के बीस रोजगार सेवकों का मानदेय रोका गया।

फर्रुखाबाद:(द दस्तक 24 न्यूज़) 13 जून 2025 कमालगंज विकास खंड में मनरेगा कार्यों में भारी लापरवाही सामने आने के बाद खंड विकास अधिकारी त्रिलोकचंद शर्मा ने कड़ा रुख अपनाते हुए बीस रोजगार सेवकों के मानदेय पर तत्काल प्रभाव से रोक लगा दी है। यह कार्रवाई मनरेगा पोर्टल पर छह ग्राम पंचायतों की कार्य प्रगति श
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फर्रुखाबाद:मनरेगा में लापरवाही पर बड़ी कार्रवाई,कमालगंज के बीस रोजगार सेवकों का मानदेय रोका गया।
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फर्रुखाबाद:(द दस्तक 24 न्यूज़) 13 जून 2025 कमालगंज विकास खंड में मनरेगा कार्यों में भारी लापरवाही सामने आने के बाद खंड विकास अधिकारी त्रिलोकचंद शर्मा ने कड़ा रुख अपनाते हुए बीस रोजगार सेवकों के मानदेय पर तत्काल प्रभाव से रोक लगा दी है। यह कार्रवाई मनरेगा पोर्टल पर छह ग्राम पंचायतों की कार्य प्रगति शून्य पाए जाने और अन्य पंचायतों में कार्य में शिथिलता को देखते हुए की गई है।

खंड विकास अधिकारी ने बताया कि ग्राम पंचायत अमानाबाद, भूलनपुर चिरपुरा, फिरोजपुर, शेरपुर सराय, शर्फाबाद, गौसपुर रूनी, चुरसाई, हैदरपुर, भटपुरा, महरूपुर, बीजल, पंजूखिरिया और बेहटा में मनरेगा कार्यों की स्थिति संतोषजनक नहीं पाई गई। इन पंचायतों के रोजगार सेवकों को नोटिस जारी करते हुए उनसे सात दिवस के भीतर स्पष्टीकरण मांगा गया है। जब तक जवाब संतोषजनक नहीं मिलता, तब तक सभी का मानदेय रोका जाएगा।

मनरेगा योजना की गंभीरता को समझें - बीडीओ की चेतावनी

श्री त्रिलोकचंद शर्मा ने स्पष्ट किया कि महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी अधिनियम (मनरेगा) जैसी महत्वपूर्ण योजना में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। यह योजना ग्रामीणों को रोजगार देने और उनके जीवन स्तर में सुधार लाने के लिए चलाई जा रही है, लेकिन कुछ पंचायतों में इसके क्रियान्वयन में गंभीर शिथिलता सामने आई है।

जिम्मेदारी तय होगी, आगे और होगी जांच

बीडीओ ने बताया कि जिन रोजगार सेवकों पर कार्य में लापरवाही के आरोप हैं, उनके उत्तरों की समीक्षा के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी। यदि कोई संतोषजनक जवाब नहीं देता या लापरवाही प्रमाणित होती है, तो मानदेय स्थायी रूप से रोका जा सकता है और अनुशासनात्मक कार्रवाई भी की जाएगी।

मनरेगा कार्य न होने से ग्रामीणों में असंतोष व्याप्त है। कई ग्रामों में मजदूरों को लंबे समय से काम नहीं मिल रहा, जिससे उन्हें आर्थिक कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है। बीडीओ की इस कार्रवाई को ग्रामीणों ने सकारात्मक कदम बताया है और अपेक्षा जताई है कि अब कार्यों में गति आएगी।

मनरेगा जैसी कल्याणकारी योजना के सफल क्रियान्वयन के लिए प्रशासन की यह सख्ती एक जरूरी कदम मानी जा रही है। यह कार्रवाई अन्य पंचायतों के लिए भी चेतावनी है कि वे अपनी जिम्मेदारियों को समय से पूरा करें, अन्यथा इसी प्रकार की कड़ी कार्रवाई का सामना करना पड़ेगा।