पीलीभीत : शारदा सागर व सिंचाई विभाग से तीन साल पहले बनी सड़क बड़े-बड़े गढ़ों में तब्दील

पूरनपूर। शारदा सागर और सिंचाई विभाग द्वारा जीरो से बाइस किलोमीटर तक बनाई गई सड़क आज अपनी टूट-फूट और जर्जर हालत के कारण स्थानीय लोगों के लिए बड़ी परेशानी बन चुकी है। करीब तीन साल पहले बनी इस सड़क पर बड़े-बड़े गड्ढे और दरारें हर कदम पर यात्रियों को रोकती हैं। ग्राम प्रधान नगरिया खुर्द विवेकानंद सरकार का कहना है कि सड़क बनने के कुछ ही समय बाद इसमें दरारें पड़नी – शुरू हो गई थीं। आज गर्भवती – महिलाओं को एंबुलेंस से अस्पताल ले जाने में भी इस रास्ते के – कारण गंभीर कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है। ग्रामीण बताते हैं कि यही मार्ग उत्तराखंड के खटीमा को भी जोड़ता है। और दैनिक रूप से बंगाली। समुदाय के लोग तथा क्षेत्र के अन्य लोग इस रास्ते से आवागमन करतेहैं। स्थानीय लोगों का आरोप है कि सड़क की जर्जर हालत के बावजूद संबंधित अधिकारी उदासीन बने हुए हैं और विभाग केवल खानापूर्ति कर अपना पल्ला झाड़ लेता है। ग्रामीणों का कहना है कि अगर जल्द मरम्मत नहीं हुई तो उन्हें विरोध दर्ज करना पड़ेगा। फिलहाल हर बारिश में सड़क पर कीचड़ और जलभराव से लोग जूझने को मजबूर हैं। ग्राम प्रधान विवेकानंद सरकार ने इस मुद्दे को प्रधानमंत्री के समक्ष भी रखा है और लिखित रूप में सड़क के पुनर्निर्माण की मांग की है। इसके अलावा ग्रामीण लगातार विभाग से शिकायत करते रहे हैं, लेकिन अधिकारियों की उदासीनता के कारण अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई है। लोग आशा कर रहे हैं कि सरकार जल्द कदम उठाकर इस जर्जर मार्ग की मरम्मत कराएगी ताकि दैनिक आवागमन और आपातकालीन सेवाओं में दिक्कत न हो। स्थानीय लोगों ने कहा कि सड़क की सुधार कार्य में तेजी न आई तो वे सामूहिक रूप से आवाज उठाने को मजबूर होंगे।