Tuesday, 15 September 2026 | 12:35 AM
भारत

रेलवे ने क्यों बदला एडवांस टिकट बुकिंग का नियम? अब यात्री 120 दिन के बजाय केवल 60 दिन पहले से ही अपनी यात्रा के लिए टिकट बुक कर सकेंगे

दिवाली से ऐन वक्त पहले रेलवे ने ट्रेन टिकटों की बुकिंग टाइमिंग में बड़ा बदलाव कर दिया है. रेलवे ने एक अहम फैसला लेते हुए एडवांस टिकट बुकिंग को लेकर कहा कि अब यात्री 120 दिन के बजाय केवल 60 दिन पहले से ही अपनी यात्रा के लिए टिकट बुक कर सकेंगे. यह नया नियम 1 नवंबर 2024 से लागू होगा. लेकिन, क्या आप जान
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रेलवे ने क्यों बदला एडवांस टिकट बुकिंग का नियम? अब यात्री 120 दिन के बजाय केवल 60 दिन पहले से ही अपनी यात्रा के लिए टिकट बुक कर सकेंगे
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दिवाली से ऐन वक्त पहले रेलवे ने ट्रेन टिकटों की बुकिंग टाइमिंग में बड़ा बदलाव कर दिया है. रेलवे ने एक अहम फैसला लेते हुए एडवांस टिकट बुकिंग को लेकर कहा कि अब यात्री 120 दिन के बजाय केवल 60 दिन पहले से ही अपनी यात्रा के लिए टिकट बुक कर सकेंगे. यह नया नियम 1 नवंबर 2024 से लागू होगा. लेकिन, क्या आप जानते हैं रेलवे ने यह फैसला क्यों लिया है और यह नियम किन ट्रेनों पर लागू नहीं होगा? रेलवे के नए नियम के अनुसार, 1 नवंबर 2024 से यात्री अपनी यात्रा की तारीख से 60 दिन पहले तक ही एडवांस में टिकट बुक कर पाएंगे. रेलवे ने यह भी स्पष्ट किया है कि 60 दिनों की यह अवधि ट्रेन यात्रा की तारीख को छोड़कर मानी जाएगी. हालांकि, 31 अक्टूबर 2024 तक बुकिंग के पुराने नियम यानी 120 दिन की समय सीमा ही लागू रहेगी. रेलवे ने जानकारी दी है कि कुछ विशेष ट्रेनों, जैसे ताज एक्सप्रेस और गोमती एक्सप्रेस पर यह नया नियम लागू नहीं होगा. इन ट्रेनों के बुकिंग नियमों में कोई बदलाव नहीं किया गया है. इसके अलावा, विदेशी पर्यटकों के लिए 365 दिनों तक की एडवांस बुकिंग की सुविधा पहले की तरह बनी रहेगी, यानी विदेशी यात्रियों पर इस नियम का कोई असर नहीं पड़ेगा.

रेलवे ने यह भी बताया कि वर्तमान में केवल 13 प्रतिशत यात्री ही 120 दिन पहले टिकट की बुकिंग करते हैं, जबकि अधिकांश यात्री अपनी यात्रा से 45 दिन पहले तक ही टिकट बुक कर लेते हैं. टिकट की एडवांस बुकिंग में इतनी लंबी समय सीमा होने के कारण टिकट कैंसिलेशन और रिफंड की समस्याएं बढ़ जाती हैं. नए नियम से टिकटों की कालाबाजारी पर प्रभावी रोक लगाने की उम्मीद है, जिससे यात्रियों को लाभ होगा और सिस्टम अधिक पारदर्शी बनेगा. रेलवे का यह निर्णय त्योहारों के दौरान बढ़ने वाली टिकटों की मांग और कालाबाजारी की समस्याओं को ध्यान में रखते हुए लिया गया है, ताकि यात्रियों को टिकट बुकिंग में किसी प्रकार की असुविधा का सामना न करना पड़े.