Tuesday, 15 September 2026 | 12:11 AM
उत्तर प्रदेश

शहडोल: जिला विधिक सेवा प्राधिकरण शहडोल द्वारा आनलाइन के माध्यम से किया गया बैठकों का आयोजन

शहडोल। जिला विधिक सेवा प्राधिकरण शहडोल ने जानकारी दी है कि प्रधान जिला न्यायाधीश एवं अध्यक्ष आर. के. सिंह के मार्गदर्शन में ए.डी.आर भवन शहडोल में प्रशिक्षित मध्यस्थगण एवं पैरालीगल वालेन्टियरर्स को सम्मिलित करते हुये मध्यस्थता जागरूकता शिविर, आगामी नेशनल लोक अदालत एवं विश्व बाल श्रम निषेध दिवस के संब
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शहडोल:  जिला विधिक सेवा प्राधिकरण शहडोल द्वारा आनलाइन के माध्यम से किया गया बैठकों का आयोजन
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शहडोल। जिला विधिक सेवा प्राधिकरण शहडोल ने जानकारी दी है कि प्रधान जिला न्यायाधीश एवं अध्यक्ष आर. के. सिंह के मार्गदर्शन में ए.डी.आर भवन शहडोल में प्रशिक्षित मध्यस्थगण एवं पैरालीगल वालेन्टियरर्स को सम्मिलित करते हुये मध्यस्थता जागरूकता शिविर, आगामी नेशनल लोक अदालत एवं विश्व बाल श्रम निषेध दिवस के संबंध में आॅनलाईन माध्यम से बैठक का आयोजन किया गया। बैठक में बताया गया कि मीडियेशन एवं लोक आदालत का एक उदद्ेश्य है- प्रथम न्यायालयों में निरंतर बढ़ते हुये प्रकरणों के भार का कम करना एवं द्वितीय-राजीना में के माध्यम से प्रकरणों का निराकरण करवाकर समाज में सकारात्मक संदेश पहुॅचाना। मीडिएशन प्रकिया का पारिवारिक विवाद, सिविल विवाद इत्यादि के निराकरण मे बहुत महत्वपूर्ण योगदान होता है। उन्होंने बताया कि इन प्रकियाओं के माध्यम से प्रकरणों के समाधान में उभयपक्षों की सहमति को महत्व दिया जाता है इस प्रकिया के माध्यम से प्रकरण के निराकरण होने पर दोनों पक्षकारों के मध्य भविष्य में कोई विवाद शेष नहीं रह जाता है साथ ही 10 जुलाई 2021 को आयोजित होने वाली नेशनल लोक अदालत में राजीनामा के माध्यम से अधिक से अधिक प्रकरणों के निराकरण किये जाने हेतु कहा गया है। कुटुम्ब न्यायालय के प्रधान न्यायाधीश डाॅ. रमेश साहू द्वारा सभी मध्यस्थ एवं पैनल अधिवक्ता एवं पैरालीगल वालेंटियर्स से चर्चा उपरांत ’विश्व बाल श्रम निषेध दिवस’ के उदद्ेश्य के बारे में बताते हुये कहा- 14 वर्ष से कम उम्र के बच्चों से श्रम न कराकर उन्हें शिक्षा दिलाने और आगे बढ़ने के लिये जागरूक करना है।

सवांददाता: संदीप साहू