Monday, 14 September 2026 | 11:43 PM
उत्तर प्रदेश

लखनऊ :डॉ. कमलेश्वर सिंह को नेशनल डेंटल कमीशन (NDC), नई दिल्ली की डेंटल एडवाइजरी काउंसिल का सदस्य नामित किया गया

डॉ. कमलेश्वर सिंह को नेशनल डेंटल कमीशन (NDC), नई दिल्ली की डेंटल एडवाइजरी काउंसिल का सदस्य नामित किया गया है। यह उपलब्धि न केवल उनके व्यक्तिगत योगदान को दर्शाती है, बल्कि KGMU और पूरे प्रदेश के लिए भी गर्व का विषय है। डॉ. कमलेश्वर सिंह वर्तमान में KGMU, लखनऊ में प्रोस्थोडॉन्टिक्स विभाग में प्रोफेसर
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लखनऊ :डॉ. कमलेश्वर सिंह को नेशनल डेंटल कमीशन (NDC), नई दिल्ली की डेंटल एडवाइजरी काउंसिल का सदस्य नामित किया गया
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डॉ. कमलेश्वर सिंह को नेशनल डेंटल कमीशन (NDC), नई दिल्ली की डेंटल एडवाइजरी काउंसिल का सदस्य नामित किया गया है। यह उपलब्धि न केवल उनके व्यक्तिगत योगदान को दर्शाती है, बल्कि KGMU और पूरे प्रदेश के लिए भी गर्व का विषय है।

डॉ. कमलेश्वर सिंह वर्तमान में KGMU, लखनऊ में प्रोस्थोडॉन्टिक्स विभाग में प्रोफेसर के रूप में कार्यरत हैं। उन्होंने अपनी स्नातक (BDS) और स्नातकोत्तर (MDS) शिक्षा भी इसी प्रतिष्ठित संस्थान से प्राप्त की है। अपने लंबे शैक्षणिक और व्यावसायिक अनुभव के दौरान उन्होंने शिक्षण, शोध और क्लिनिकल सेवाओं के क्षेत्र में लगातार उत्कृष्ट प्रदर्शन किया है। उनके पढ़ाने का तरीका सरल और प्रभावी है, जिससे छात्र आसानी से विषय को समझ पाते हैं।

एक अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पहचान रखने वाले शिक्षाविद् के रूप में, डॉ. सिंह को कई महत्वपूर्ण मंचों पर अपनी विशेषज्ञता साझा करने का अवसर मिला है। उनका चयन जापान में आयोजित जापान प्रोस्थोडॉन्टिक सोसाइटी और इंडियन प्रोस्थोडॉन्टिक सोसाइटी के संयुक्त इंटरनेशनल साइंटिफिक एक्सचेंज प्रोग्राम के लिए किया गया था। इसके अलावा, उन्हें भारतीय आयुर्विज्ञान अनुसंधान परिषद (ICMR) की प्रतिष्ठित इंटरनेशनल फेलोशिप (ICMR-IF) भी प्राप्त हुई है, जो उनके शोध कार्य की गुणवत्ता और महत्व को दर्शाती है।

शिक्षण और शोध के अलावा, डॉ. सिंह मरीजों की देखभाल में भी सक्रिय भूमिका निभाते हैं। वे प्रोस्थोडॉन्टिक्स से जुड़े जटिल मामलों का सफलतापूर्वक इलाज करते हैं। उनका मुख्य उद्देश्य मरीजों को बेहतर चबाने की क्षमता, सुंदर मुस्कान और समग्र मौखिक स्वास्थ्य प्रदान करना है। वे हर मरीज के लिए व्यक्तिगत रूप से योजना बनाकर उपचार करते हैं, जिससे बेहतर परिणाम और संतुष्टि सुनिश्चित होती है।

डॉ. सिंह ने अब तक राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर की प्रतिष्ठित पत्रिकाओं में 60 से अधिक शोध पत्र प्रकाशित किए हैं। उन्होंने कई स्नातकोत्तर छात्रों के शोध कार्य का मार्गदर्शन भी किया है, जिससे नए शोधकर्ताओं को दिशा और प्रेरणा मिली है। उनका योगदान प्रोस्थोडॉन्टिक्स के क्षेत्र में शिक्षा और अनुसंधान को मजबूत बनाने में महत्वपूर्ण रहा है।