Tuesday, 15 September 2026 | 12:22 AM
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खास धर्म से नफरत करना फैशन बना, फिल्म को प्रोपेगेंडा के लिए इस्तेमाल किया जा रहा :नसीरुद्दीन शाह

दिग्गज एक्टर नसीरुद्दीन शाह ने कहा कि द केरला स्टोरी जैसी फिल्म देखने में उन्हें कोई दिलचस्पी नहीं है। उनका कहना है कि भीड़ और अफवाह जैसी फिल्में फ्लॉप हो गईं लेकिन द केरला स्टोरी सुपरहिट हो गई। नसीरुद्दीन के मुताबिक, आज कल कुछ फिल्मों को प्रोपेगेंडा और दुष्प्रचार के लिए इस्तेमाल किया जा रहा है। उन्
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खास धर्म से नफरत करना फैशन बना, फिल्म को प्रोपेगेंडा के लिए इस्तेमाल किया जा रहा :नसीरुद्दीन शाह
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दिग्गज एक्टर नसीरुद्दीन शाह ने कहा कि द केरला स्टोरी जैसी फिल्म देखने में उन्हें कोई दिलचस्पी नहीं है। उनका कहना है कि भीड़ और अफवाह जैसी फिल्में फ्लॉप हो गईं लेकिन द केरला स्टोरी सुपरहिट हो गई। नसीरुद्दीन के मुताबिक, आज कल कुछ फिल्मों को प्रोपेगेंडा और दुष्प्रचार के लिए इस्तेमाल किया जा रहा है।

उन्होंने ये भी कहा कि आज के वक्त में मुसलमानों से नफरत करना फैशन बन गया है। लोगों के अंदर बड़ी चतुराई से मुसलमानों के प्रति नफरत भरी जा रही है। एक्टर ने कहा कि वैसे तो ये धर्मनिरपेक्ष लोकतांत्रिक देश है, लेकिन यहां हर जगह धर्म की बात की जाती है। इलेक्शन कमीशन भी उन नेताओं को कुछ नहीं कहता जो धर्म के नाम पर वोट मांगते हैं।
नसीरुद्दीन शाह ने इंडियन एक्सप्रेस से बात करते हुए कहा कि प्रोपेगेंडा और नफरत से लड़ने के लिए कलाकारों को आगे आना होगा। उन्हें अपनी आवाज उठानी होगी। नसीर से पूछा गया कि ऐसे समय में एक्टर्स को क्या करना चाहिए। जवाब में उन्होंने कहा कि किसी को खुश करने के लिए कोई भी काम नहीं करना चाहिए।

आप ऐसी हरकतें मत करिए जो आपके अनुरूप नहीं है। नसीर ने कहा कि उन्होंने द केरला स्टोरी नहीं देखी क्योंकि उन्होंने फिल्म के बारे में पहले ही काफी कुछ सुन लिया है, इसलिए इसे देखने में उन्हें कोई दिलचस्पी नहीं है।
नसीरुद्दीन ने एक्टर्स को सलाह दी है कि ऐसी फिल्मों का हिस्सा नहीं बनना चाहिए जो आपके विश्वास के विपरीत हो। जिस पर आपको खुद विश्वास न हो। नसीर ने कहा कि आज का समय चिंताजनक है। हेट फैलाने वाले कंटेंट परोसे जा रहे हैं।नसीर का कहना है कि आज के समय में कट्टरता काफी ज्यादा बढ़ गई है। देश के नेता धर्म के नाम पर लोगों को बांट रहे हैं। ऐसे नेताओं को चुनाव आयोग भी कुछ नहीं कहता। अगर कोई मुस्लिम नेता अल्लाह हू अकबर कह कर वोट मांगे तो अभी बवाल मच जाए। हालांकि ये खेल ज्यादा नहीं चलेगा।
नसीरुद्दीन शाह हाल ही ताज डिवाइडेड बाय ब्लड के दूसरे सीजन में दिखाई दिए। उन्होंने सीरीज में अकबर का रोल अदा किया है। सीरीज को ऑडियंस ने काफी पसंद किया है। पहले सीजन के दौरान उन्होंने मुगलों का भारत में प्रभाव के बारे में बातचीत की थी वहीं उनकी तारीफ भी की थी।
ताज डिवाइडेड बाय ब्लड 3 मार्च 2023 से ZEE5 पर स्ट्रीम होनी शुरू हुई थी। इस सीरीज में अकबर के बच्चों में तख्तो ताज के लिए लड़ाई दिखाई गई है। दूसरे सीजन के अब तक चार एपिसोड्स आए हैं।
पहले सीजन के प्रमोशन के दौरान नसीरुद्दीन शाह ने मुगलों को आक्रमणकारी और विनाशकारी बताए जाने पर आपत्ति जताई थी। उन्होंने कहा, 'मुगल यहां लूटपाट करने नहीं आए थे। वे इसे अपना घर बनाने के लिए यहां आए थे और उन्होंने वही किया। उनके योगदान को कैसे भूला जा सकता है।

हम लाल किले को इतने सम्मान के नजरिए से क्यों देखते हैं जबकि बनवाया तो उसे एक मुगल ने ही था। हमें मुगलों का महिमामंडन नहीं करना चाहिए लेकिन उन्हें बदनाम करने की भी जरूरत नहीं है।'