Tuesday, 15 September 2026 | 2:33 AM
उत्तर प्रदेश

फर्रुखाबाद: पुलिस व अभियोजन की प्रभावी पैरवी से अपराधियों को कड़ी सजा

फर्रुखाबाद:(द दस्तक 24 न्यूज़) 30 अगस्त 2025 उत्तर प्रदेश पुलिस महानिदेशक लखनऊ के निर्देशन में अपराधियों को अधिकतम सजा दिलाने के लिए चलाए जा रहे अभियान के तहत जनपद फतेहगढ़ पुलिस और अभियोजन टीम को बड़ी सफलता मिली है। पहला मामला – हत्या व अन्य धाराएं थाना कमालगंज क्षेत्र के ग्राम बझेरा निवासी अभियुक्त
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फर्रुखाबाद: पुलिस व अभियोजन की प्रभावी पैरवी से अपराधियों को कड़ी सजा
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फर्रुखाबाद:(द दस्तक 24 न्यूज़) 30 अगस्त 2025 उत्तर प्रदेश पुलिस महानिदेशक लखनऊ के निर्देशन में अपराधियों को अधिकतम सजा दिलाने के लिए चलाए जा रहे अभियान के तहत जनपद फतेहगढ़ पुलिस और अभियोजन टीम को बड़ी सफलता मिली है।

पहला मामला – हत्या व अन्य धाराएं

थाना कमालगंज क्षेत्र के ग्राम बझेरा निवासी अभियुक्त भोला उर्फ सुरेन्द्र पुत्र स्व. गुबरे उर्फ गोवर्धन और सर्वेश पुत्र रामकिशन पर मुकदमा संख्या 497/2008, वाद संख्या 87/2009 धारा 304, 323, 504, 506 भादवि पंजीकृत था। विवेचना उपरांत आरोप पत्र न्यायालय को प्रेषित किया गया। फतेहगढ़ पुलिस टीम, मॉनिटरिंग सेल, अभियोजन पक्ष तथा कोर्ट पैरोकारों के अथक प्रयासों से दिनांक 29 अगस्त 2025 को एडीजे प्रथम कोर्ट फर्रुखाबाद ने अभियुक्तगण को दोषसिद्ध पाते हुए आजीवन कारावास एवं प्रत्येक को 6-6 हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई। इस प्रकरण में एडीजीसी श्री कृष्ण कुमार, एडीजीसी श्री संजीव कुमार, कोर्ट मोहर्रिर हे0का0 जीवन बेटी एवं पैरोकार हे0का0 मनोज कुमार की महत्वपूर्ण भूमिका रही।

दूसरा मामला – आर्म्स एक्ट

इसी प्रकार, अभियुक्त रामसरन पुत्र निर्भय सिंह निवासी कुड़ा थाना नयागांव, जनपद एटा के विरुद्ध मुकदमा संख्या 124/2002, वाद संख्या 2479/2002 धारा 25 आर्म्स एक्ट कोतवाली फतेहगढ़ में दर्ज था। पुलिस द्वारा विवेचना कर आरोप पत्र न्यायालय को भेजा गया।

फतेहगढ़ पुलिस टीम व अभियोजन पक्ष के प्रयासों से दिनांक 29 अगस्त 2025 को एसीजेएम कोर्ट फर्रुखाबाद ने अभियुक्त को दोषी ठहराते हुए 3 वर्ष का कारावास व 100 रुपये का अर्थदंड की सजा सुनाई। इस मामले में एपीओ श्री जितेन्द्र कुमार, कोर्ट मोहर्रिर म0का0 काजल एवं पैरोकार का0 दीपक कुमार की अहम भूमिका रही। इन दोनों मामलों में मिली सफलता पुलिस और अभियोजन की सशक्त पैरवी का परिणाम है, जिससे अपराधियों को कड़ी सजा दिलाई जा सकी।