Monday, 14 September 2026 | 11:45 PM
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लखनऊ में ऊर्जा विभाग की समीक्षा, स्मार्ट मीटर शिकायतों की होगी गहन जांच: मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ

लखनऊ:(द दस्तक 24 न्यूज़) 09 अप्रैल 2026 उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री Yogi Adityanath ने आज लखनऊ में ऊर्जा विभाग के कार्यों की उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक की। बैठक के दौरान उन्होंने स्मार्ट बिजली मीटर से जुड़ी उपभोक्ताओं की शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए इसकी गहन जांच के निर्देश दिए। मुख्यमंत्री ने अधिका
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लखनऊ में ऊर्जा विभाग की समीक्षा, स्मार्ट मीटर शिकायतों की होगी गहन जांच: मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ
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लखनऊ:(द दस्तक 24 न्यूज़) 09 अप्रैल 2026 उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री Yogi Adityanath ने आज लखनऊ में ऊर्जा विभाग के कार्यों की उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक की। बैठक के दौरान उन्होंने स्मार्ट बिजली मीटर से जुड़ी उपभोक्ताओं की शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए इसकी गहन जांच के निर्देश दिए।

मुख्यमंत्री ने अधिकारियों से स्पष्ट कहा कि ऊर्जा क्षेत्र में किए गए सुधारों का वास्तविक लाभ अंतिम उपभोक्ता तक पहुंचना चाहिए। इसके लिए उन्होंने विश्वसनीय बिजली आपूर्ति, तकनीकी दक्षता और जवाबदेही को कार्य प्रणाली का आधार बनाने पर जोर दिया।

उन्होंने कहा कि आम उपभोक्ता स्वाभाविक रूप से ईमानदार होता है और यदि उसे समय पर सही बिजली बिल प्राप्त होता है तो वह भुगतान करने में कोई हिचक नहीं करता। इसको ध्यान में रखते हुए मुख्यमंत्री ने निर्देश दिए कि उपभोक्ताओं की सभी शिकायतों का समयबद्ध और प्रभावी समाधान सुनिश्चित किया जाए, ताकि किसी भी नागरिक को असुविधा का सामना न करना पड़े।

बैठक में मुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि प्रदेश में निर्बाध, गुणवत्तापूर्ण और पारदर्शी विद्युत आपूर्ति सुनिश्चित करना सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है। उन्होंने सभी तापीय विद्युत इकाइयों को पूर्ण क्षमता के साथ संचालित रखने के निर्देश दिए, ताकि ग्रीष्मकालीन बिजली मांग को सुचारु रूप से पूरा किया जा सके।

साथ ही, ‘PM Surya Ghar Muft Bijli Yojana’ की प्रगति की समीक्षा करते हुए बताया गया कि अब तक प्रदेश में 4.60 लाख से अधिक रूफटॉप सोलर संयंत्र (1560 मेगावाट क्षमता) स्थापित किए जा चुके हैं। मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि इस योजना का लाभ अधिक से अधिक उपभोक्ताओं तक पहुंचाया जाए।

बैठक में ऊर्जा क्षेत्र की पारदर्शिता, दक्षता और उपभोक्ता संतुष्टि को प्राथमिकता देने पर विशेष जोर दिया गया।