आजमगढ़ ::-दिनांक 14.03.2026 को लोक अदालत के तहत न्यायिक प्रक्रिया को मानवीय संवेदना से जोड़ते हुए मिशन शक्ति 5.0 के तहत आज दिनांक 14 मार्च 2026 को आयोजित *राष्ट्रीय लोक अदालत के माध्यम से 21 जोड़ों ने आपसी सहमति से अपने वैवाहिक विवादों का समाधान कर पुनः साथ जीवन प्रारंभ करने का निर्णय लिया।* *वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक आजमगढ़ डा0 अनिल कुमार के निर्देशन में अपर पुलिस अधीक्षक नगर श्री मधुवन कुमार सिंह के समन्वय से 21 दम्पत्ति जोडों को फुल-माला व उपहार देकर उज्जवल भविष्य की कामना करते हुए विदा किया गया, इस सकारात्मक पहल से परिवारों में पुनः खुशियाँ लौट आईं । इस संपूर्ण प्रक्रिया में *मा0 प्रधान न्यायाधीश पारिवारिक न्यायालय श्री एहसानउल्ला खान, अपर प्रधान पारिवारीक न्यायाधीश श्रीमति संदिपा यादव, अपर प्रधान पारिवारीक न्यायाधीश श्री प्रेम शंकर, अपर जनपद न्यायाधीश नोडल अधिकारी लोक अदालत श्री संतोष यादव, सचिव जिला विधिक सेवा प्राधिकरण श्रीमति निकिता राजन, चौकी प्रभारी एलवल प्रियंका तिवारी थाना कोतवाली आजमगढ़, परामर्शदाता 1-श्री कुलदीप कुमार सिंह, 2- श्रवण कुमार गुप्ता, 3- विनय कुमार तिवारी* व पुलिस प्रशासन का सहयोग अत्यंत महत्वपूर्ण एवं सराहनीय रहा। मा0 न्यायालय व पुलिस अधिकारियों द्वारा दोनों पक्षों की काउंसलिंग कर, विश्वास और सौहार्दपूर्ण वातावरण में समझौता कराने हेतु निरंतर प्रयास किए गए, जिसके परिणामस्वरूप 21बिखरते परिवार पुनः एकजुट हो गये। राष्ट्रीय लोक अदालत के माध्यम से विवादों का त्वरित एवं शांतिपूर्ण समाधान न केवल न्यायालयों पर लंबित मामलों को कम करने में सहायक सिद्ध हुआ, बल्कि इससे संबंधित पक्षों को मानसिक, सामाजिक एवं आर्थिक राहत भी प्राप्त हुई। कार्यक्रम के सफल आयोजन में न्यायिक अधिकारियों, पुलिस प्रशासन एवं अधिवक्तागण व संबंधित विभागों के समन्वय ने यह सिद्ध किया कि संवेदनशीलता, संवाद और सहयोग से पारिवारिक विवादों का स्थायी समाधान संभव है। मिशन शक्ति 5.0 के तहत चलाया गया यह पहल समाज के लिए एक प्रेरणादायक है तथा पारिवारिक मूल्यों को सुदृढ़ करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक आजमगढ़ डा0 अनिल कुमार के सहयोग से मा0 न्यायालय से ही 21 दम्पत्ति जोडों को फुल-माला व उपहार देकर उज्जवल भविष्य की कामना करते हुए विदा किया गया । मंन्त्रोच्चारण के बीच माला पहनाकर दम्पत्तियों ने मा0 न्यायालय व पुलिस प्रशासन को कोटी कोटी धन्यवाद दिया। मा0 न्यायालय के प्रधान पारिवारिक न्यायाधीश श्री एहसानउल्ला खान महोदय ने अपने सम्बोधन में कहा कि 21 दम्पत्तियों को जो कई वर्षों से अलग रह रहे थे आज उनका पुनर्मिलन देखकर काफी हर्ष हो रहा है। उपस्थित दम्पत्तियों को सम्बोधित करते हुए मा0 न्यायाधीश ने कहा कि विवाद हर परिवार में होता है। सभी को आपसी समझ व बुद्धिमानी से विवाद का सामाधान घर परिवार में ही कर लेना चाहिए। मा0 न्यायाधिश महोदय ने भविष्य के लिए सभी दम्पत्तियों को शुभकामना देते हुए विदा किया।
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आजमगढ़ :राष्ट्रीय लोक अदालत में न्यायपालिका व पुलिस विभाग के समन्वय से मिशन शक्ति 5.0 के तहत 21 दम्पत्ति जोडों का हुआ पुनर्मिलन
आजमगढ़ ::-दिनांक 14.03.2026 को लोक अदालत के तहत न्यायिक प्रक्रिया को मानवीय संवेदना से जोड़ते हुए मिशन शक्ति 5.0 के तहत आज दिनांक 14 मार्च 2026 को आयोजित *राष्ट्रीय लोक अदालत के माध्यम से 21 जोड़ों ने आपसी सहमति से अपने वैवाहिक विवादों का समाधान कर पुनः साथ जीवन प्रारंभ करने का निर्णय लिया।* *वरिष्ठ
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