Tuesday, 15 September 2026 | 8:09 AM
भारत

पंजाब के बाद 'मिशन राजस्थान' पर कांग्रेस क्या सही होंगे अशोक गहलोत और पायलट में रिश्ते

कांग्रेस पार्टी ने हाल ही में पंजाब में जारी कलह को एक हद तक समाप्त कर लिया है। पार्टी की बागडोर नवजोत सिंह सिद्धू के हाथों में थमा दी है। हालांकि सीएम की कुर्सी पर फिलहाल कैप्टन अमरिंदर सिंह की पकड़ बनी रहेगी। पंजाब में दो कद्दावर नेताओं के बीच की लड़ाई को शांत करने के बाद पार्टी की नजर राजस्थान पर
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पंजाब के बाद 'मिशन राजस्थान' पर कांग्रेस क्या सही होंगे अशोक गहलोत और पायलट में रिश्ते
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कांग्रेस पार्टी ने हाल ही में पंजाब में जारी कलह को एक हद तक समाप्त कर लिया है। पार्टी की बागडोर नवजोत सिंह सिद्धू के हाथों में थमा दी है। हालांकि सीएम की कुर्सी पर फिलहाल कैप्टन अमरिंदर सिंह की पकड़ बनी रहेगी। पंजाब में दो कद्दावर नेताओं के बीच की लड़ाई को शांत करने के बाद पार्टी की नजर राजस्थान पर है। यहां, मुख्यमंत्री अशोक गहलोत और सचिन पायलट के बीच मनमुटाव की खबरें आम हो चुकी है। पायलट और उनके समर्थक विधायक कई मौकों पर इसका इजहार भी कर चुके हैं। रविवार यानी आज कांग्रेस महासचिव के सी वेणुगोपाल और राजस्थान कांग्रेस के प्रभारी अजय माकन कांग्रेस प्रदेश मुख्यालय का दौरा करेंगे। राजस्थान कांग्रेस के अध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा ने कहा है कि कांग्रेस मुख्यालय में सरकार के मंत्री, विधायक व राज्य कार्यसमिति पदाधिकारी मौजूद रहेंगे। पार्टी महासचिव उनके साथ चर्चा करेंगे।

आपको बता दें कि राजस्थान में अशोक गहलोत मंत्रिमंडल के विस्तार, बदलाव और राजनीतिक नियुक्तियों की अटकलों के बीच पार्टी के संगठन महासचिव केसी वेणुगोपाल और राजस्थान प्रभारी अजय माकन शनिवार रात को ही जयपुर पहुंच चुके हैं।

सूत्रों से मिल रही जानकारी के मुताबिक इस विस्तार में सचिन पायलट सम्मानजनक हिस्सेदारी चाहते हैं। वह अपने समर्थक विधायकों को खुश करने के लिए उनके लिए मंत्री पद के साथ-साथ राजनीतिक नियुक्तियों में जगह देने की मांग कर रहे हैं।