फर्रुखाबाद:किसान एकता से ही अधिकारों की रक्षा संभव, एकजुट होकर संघर्ष करें किसान-अजय कटियार

फर्रुखाबाद:(द दस्तक 24 न्यूज़) 01 सितंबर 2026  ग्राम सभा बराकेशव में चकबंदी प्रक्रिया और किसानों पर दर्ज मुकदमों समेत विभिन्न समस्याओं को लेकर भारतीय किसान यूनियन (टिकैत) का अनिश्चितकालीन धरना प्रदर्शन मंगलवार को नौवें दिन भी जारी रहा। धरना स्थल पर बड़ी संख्या में किसान, महिलाएं और बच्चे मौजूद रहे। संगठन के अनुसार रात के समय भी महिलाएं और बच्चे धरना स्थल पर उपस्थित रहकर आंदोलन में सहभागिता कर रहे हैं।

धरने को संबोधित करते हुए भारतीय किसान यूनियन (टिकैत) के जिला अध्यक्ष अजय कटियार ने कहा कि यदि किसान एकजुट हो जाएं तो कोई भी सरकार या अधिकारी किसानों को हिला नहीं सकता। उन्होंने कहा कि किसानों को जातियों में बंटने के बजाय केवल किसान के रूप में एकजुट होकर अपने अधिकारों के लिए संघर्ष करना चाहिए।

अजय कटियार ने आरोप लगाया कि ग्राम सभा बराकेशव में चकबंदी अधिकारियों और कर्मचारियों द्वारा खड़ी फसल को नुकसान पहुंचाया गया, लेकिन इसके बावजूद जिला चकबंदी अधिकारी की ओर से किसानों और महिलाओं के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई गई। उन्होंने इसे किसानों के साथ अन्याय बताते हुए कहा कि जो किसान देश के लिए अन्न पैदा करता है, उसी के खिलाफ मुकदमा दर्ज होना दुर्भाग्यपूर्ण है।

उन्होंने किसानों से राजनीतिक दलों और नेताओं से दूरी बनाए रखने की अपील करते हुए कहा कि जब किसानों पर संकट आता है तो राजनीतिक लोग उनके साथ दिखाई नहीं देते। उन्होंने कहा कि आगामी चुनावों में यदि कोई राजनीतिक व्यक्ति वोट मांगने किसानों के बीच आए तो उससे यह सवाल जरूर पूछा जाना चाहिए कि जब किसान मुसीबत में थे, तब वह कहां था।

मुख्यमंत्री से मुलाकात करेगा 11 सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल

अजय कटियार ने कहा कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ 3 सितंबर को फर्रुखाबाद के दौरे पर आ रहे हैं। इस दौरान भारतीय किसान यूनियन (टिकैत), फर्रुखाबाद का 11 सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल मुख्यमंत्री से मुलाकात कर किसानों की समस्याओं से अवगत कराने का प्रयास करेगा। प्रतिनिधिमंडल चकबंदी, किसानों पर दर्ज मुकदमों तथा अन्य स्थानीय समस्याओं को मुख्यमंत्री के समक्ष रखेगा।

औद्योगिक गलियारे में जमीन अधिग्रहण का भी विरोध

जिला अध्यक्ष ने औद्योगिक गलियारे के लिए प्रस्तावित भूमि अधिग्रहण को लेकर भी चिंता जताई। उन्होंने कहा कि कई गांवों में किसानों की बड़ी मात्रा में भूमि औद्योगिक गलियारे के लिए ली जा रही है। उन्होंने सवाल उठाया कि क्या सरकार की मंशा किसानों को भूमिहीन करने की है और क्या किसानों के बच्चों को मजदूरी करने के लिए मजबूर किया जाएगा।

उन्होंने कहा कि यदि किसानों की बड़ी मात्रा में जमीन चली गई तो उनके सामने भविष्य में गंभीर संकट खड़ा हो सकता है। उन्होंने स्पष्ट किया कि जनपद का किसान अब अपनी जमीन देने के मुद्दे पर मजबूती से अपनी बात रखेगा।

ये लोग रहे मौजूद

कार्यक्रम का संचालन कानपुर मंडल पूर्व सचिव अफरोज मंसूरी ने किया, जबकि अध्यक्षता दीप सिंह यादव ने की।

इस अवसर पर जिला संरक्षक छविनाथ शाक्य, जिला उपाध्यक्ष कृष्ण गोपाल मिश्रा, जिला महासचिव अभय यादव, जिला सचिव सुग्रीव पाल, बिजनेश यादव, ब्लॉक अध्यक्ष शिवराम शाक्य, बड़े यादव, जगन्नाथ शाक्य, अजीत सोमवंशी, प्रेम चंद्र दद्दा, पप्पू यादव सहित बड़ी संख्या में किसान, महिलाएं और बच्चे मौजूद रहे।

किसान नेताओं ने कहा कि जब तक किसानों की समस्याओं का समाधान नहीं होता, तब तक उनका अनिश्चितकालीन धरना जारी रहेगा।

Leave a Comment