फर्रुखाबाद:(द दस्तक 24 न्यूज़) 11 अगस्त 2025 भारतीय किसान यूनियन (स्वराज) की ओर से आज मोहल्ला जवाहरगंज में एक अहम पंचायत आयोजित की गई, जिसमें कायमगंज और कंपिल क्षेत्र में आई भीषण बाढ़ पर गंभीर चर्चा हुई। पंचायत में किसानों की खराब होती स्थिति और उनकी फसलों के नुकसान को लेकर गहरी चिंता जताई गई।
बैठक में प्रदेश सचिव मुन्नालाल सक्सेना, जिला उपाध्यक्ष प्रताप सिंह गंगवार, जिला सचिव रामवीर, जिला मीडिया प्रभारी विनीत सक्सेना व अन्य पदाधिकारी मौजूद रहे। सभी ने एक स्वर में कहा कि गंगा तराई क्षेत्र के किसान बाढ़ से बेहाल हैं—फसलें बर्बाद हो चुकी हैं और कई किसान बेघर होने की कगार पर हैं।
भाकियू स्वराज ने प्रशासन से मांग की कि पीड़ित किसानों को तुरंत राहत सामग्री व उचित मुआवजा दिया जाए। साथ ही, शमसाबाद तराई से बहावलपुर मिस्तनी तक बंधा बनाने की पुरानी मांग को फिर से दोहराया गया।
पहले भी दिया जा चुका है ज्ञापन
बैठक में बताया गया कि पूर्व में उपजिलाधिकारी कायमगंज को ज्ञापन देकर बंधा निर्माण की मांग रखी गई थी, लेकिन सिंचाई विभाग के अधिकारियों ने गलत रिपोर्ट (आख्या) तैयार कर शासन को भेज दी। रिपोर्ट में लिखा गया कि यह क्षेत्र “गंगा का दोआबा” है, इसलिए बंधा बनाना संभव नहीं, जबकि किसानों के अनुसार यह तथ्य गलत है।
भाकियू नेताओं का आरोप है कि सिंचाई विभाग का भ्रष्ट जेई काम नहीं करना चाहता और किसान विरोधी रवैया अपनाकर शासन को गुमराह कर रहा है। संगठन ने मांग की कि ऐसे भ्रष्ट अधिकारियों को बर्खास्त किया जाए।
प्रशासन को ठहराया जिम्मेदार
पंचायत में यह भी कहा गया कि लंबे समय से बंधा बनाने की मांग को अनदेखा करना ही आज की इस आपदा का मुख्य कारण है। अगर समय रहते बंधा बन जाता तो किसानों को इस तबाही का सामना नहीं करना पड़ता।
भाकियू स्वराज की मुख्य मांगें
1. शमसाबाद तराई से बहावलपुर मिस्तनी तक मजबूत बंधा का निर्माण।
2. पीड़ित किसानों को राहत सामग्री व उचित मुआवजा।
3. भ्रष्ट सिंचाई विभाग अधिकारियों की बर्खास्तगी।
बैठक में मौजूद सभी कार्यकर्ताओं ने चेतावनी दी कि अगर प्रशासन ने जल्द कार्रवाई नहीं की, तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा।
