जिलाधिकारी ज्ञानेन्द्र सिंह की अध्यक्षता में शिक्षा के अन्तर्गत समेकित शिक्षा में वर्ष 2025-26 में भी विशिष्ट आवश्यकता वाले बच्चों (दिव्यांग) की दिव्यांगता का आंकलन कर दिव्यांगता प्रमाण पत्र उपलब्ध कराये जाने के उद्देश्य से मेडिकल एसेसमेंट कैम्पों के आयोजन के सम्बन्ध में बैठक गांधी सभागार में सम्पन्न हुई। बैठक में उन्होने कहा कि समग्र शिक्षा अभियान के तहत परिषदीय स्कूलों में शिक्षा ग्रहण कर रहे दिव्यांग बच्चों के लिए ब्लॉक पर मेडिकल कैंप लगाए जाएंगे। कैंपों में स्कूली बच्चों की दिव्यांगता का परीक्षण किया जाएगा। जिलाधिकारी ने चिकित्सा, शिक्षा, विकास विभाग के अधिकारियों को कार्यवाही के निर्देश दिए। इस बार बेसिक शिक्षा विभाग के अलावा आंगनबाड़ी केंद्रों पर पंजीकृत बच्चों, माध्यमिक शिक्षा के छात्र-छात्राओं की भी दिव्यांगता का परीक्षण इन कैंपों में किया जाएगा। जिलाधिकारी ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि मेडिकल कैंप में अधिक से अधिक दिव्यांग बच्चों को प्रतिभाग कराया जाए। जिलाधिकारी ने सीएमओ, सीएमएस, प्राचार्य मेडिकल कॉलेज को निर्देश दिए कि उन्हीं चिकित्सकों की ड्यूटी लगाई जाए जो अधिक से अधिक दिव्यांग बच्चों के प्रमाण पत्र जारी कर सके। जिले के प्रत्येक विकासखंड स्तर पर दिव्यांग कैंप लगाए जाएंगे। कैंपों में दिव्यांग बच्चों की दिव्यांगता का परीक्षण कर उसके प्रमाण पत्र जारी किए जाएंगे। इसका रोस्टर जल्द ही जारी कर दिया जाएगा।
बैठक में मुख्य विकास अधिकारी राजेंद्र श्रीवास, सीएमओ डॉ आलोक कुमार ,सीएमएस, प्राचार्य मेडिकल कॉलेज बीएसए अमित कुमार सिंह, जिला विद्यालय निरीक्षक, जिला पंचायत राज अधिकारी, जिला समन्वयक राकेश पटेल सहित अन्य उपस्थित रहे।
पीलीभीत : स्कूलों में शिक्षा ग्रहण कर रहे दिव्यांग बच्चों की दिव्यांगता का कराया जाय परीक्षण-जिलाधिकारी।
