प्रयागराज: जिलाधिकारी ने राजस्व कार्यों एवं आईजीआरएस की समीक्षा की

अंश निर्धारण से संबंधित लम्बित सभी मामलों को 15 जुलाई तक निस्तारित करने के जिलाधिकारी ने दिए सख्त निर्देश

जिलाधिकारी श्री मनीष कुमार वर्मा शुक्रवार को संगम सभागार में अपर जिलाधिकारियों, उपजिलाधिकारियों एवं तहसीलदारों के साथ बैठक कर तहसीलवार राजस्व कार्यों की विस्तृत समीक्षा करते हुए आवश्यक दिशा-निर्देश दिए है। उनके द्वारा बैठक में लंबित कोर्ट केस, अंश निर्धारण और आईजीआरएस रैंकिंग की विस्तृत समीक्षा की गयी| बैठक में जिलाधिकारी ने पांच साल से अधिक पुराने वादो एवं पांच साल से अधिक अन्य राजस्व से सम्बंधित प्रकरणों को जुलाई माह में अनिवार्य रूप से निस्तारित किए जाने के निर्देश दिए है। साथ ही साथ उन्होंने तीन वर्ष से अधिक लम्बित वादों एवं राजस्व से सम्बंधित अन्य प्रकरणों को भी शीर्ष प्राथमिकता पर निस्तारित किए जाने के निर्देश दिए है। उन्होंने म्यूटेशन से सम्बंधित समयसीमा के उपरांत लम्बित सभी मामलों को इसी सप्ताह में निस्तारित करने के सख्त निर्देश दिए है। उन्होंने कहा कि यदि किसी भी तहसील में 1 सप्ताह के बाद म्यूटेशन सम्बंधित प्रकरण निर्धारित समय के उपरांत लम्बित पाया जायेगा, तो सम्बंधित के विरूद्ध कड़ी कार्रवाई की जायेगी। उन्होंने सभी उपजिलाधिकारियों एवं तहसीलदारों को नियमित रूप से न्यायालय में वादों की सुनवाई करने एवं वादों का शीघ्रता का निस्तारण करने हेतु कहा है। उन्होंने अभिलेख त्रुटि सुधार से सम्बंधित 1 वर्ष से लम्बित प्रकरणों को निस्तारित करते हुए शून्य किए जाने के निर्देश दिए है। उन्होंने धारा-34, धारा-80, धारा-116 से सम्बंधित प्रकरणों को जिनमें सम्बंधित तहसीलों की रैंकिग प्रदेश स्तर पर अच्छी नहीं है, उनमें अभियान चलाकर प्रकरणों का निस्तारण कराये जाने के लिए कहा है। जिलाधिकारी ने तहसील में राजस्व से सम्बंधित ऐसे सभी प्रकरणों जिनमें खराब प्रगति है कड़ी नाराजगी व्यक्त की और कार्यप्रणाली में सुधार लाये जाने के निर्देश दिए है। उन्होंने कहा कि समयसीमा के उपरांत कोई भी प्रकरण लम्बित न रहे।

जिलाधिकारी ने फार्मर रजिस्ट्री के कार्यो में तेजी लाए जाने तथा अंश निर्धारण से सम्बंधित कार्यों को 15 जुलाई तक समाप्त किए जाने के निर्देश दिया है। उन्होंने कृषक दुर्घटना से संबंधित समय सीमा के पश्चात लंबित मामलों को निस्तारित करने के निर्देश दिए हैं|

उन्होंने सभी उपजिलाधिकारियों, तहसीलदारों एवं नायब तहसीलदारों को तहसीलों का काम समयबद्ध और बेहतर तरीके से कार्य करने तथा नियमित रूप से कोर्ट में बैठने तथा मुकदमों की नियमित रूप से सुनवाई करते हुए निस्तारण किए जाने का निर्देश दिया है। उन्होंने कहा कि राजस्व मुकदमों का निस्तारण समयबद्ध तरीके से किया जाये, जमीनी विवादों का निस्तारण मौके पर जाकर किया जायें। भूमि सम्बन्धित विवादों को गंभीरता से लेते हुए निष्पक्ष तरीके से गुणवत्ता के साथ निस्तारण सुनिश्चित किया जाय। बैठक में जिलाधिकारी ने आईजीआरएस पोर्टल से सम्बंधित शिकायतों की समीक्षा करते हुए जनपद के सभी सम्बंधित अधिकारियों को आईजीआरएस प्रकरणों को प्राथमिकता पर गुणवत्तापूर्ण ढंग से निस्तारित करने के निर्देश दिए है। उन्होंने सभी अपर जिलाधिकारियों को संबंधित तहसीलों में कुछ प्रकरणों का उनके द्वारा स्वयं वार्ता कर फीडबैक लेने के निर्देश दिए हैं | उन्होंने प्रत्येक प्रकरण में शिकायतकर्ता से वार्ता किए जाने तथा उसे संतुष्ट करते हुए संतोषजनक फीडबैक प्राप्त करने के लिए कहा है। उन्होंने कहा है कि आवेदकों से वार्ता किये जाने के पश्चात ही आख्या अपलोड की जाये एवं शिकायतों के निस्तारण में किसी भी प्रकार की लापरवाही या उदासीनता नहीं होनी चाहिए। उन्होंने सभी सम्बंधित अधिकारियों से समय सीमा के अन्तर्गत प्रकरण का न्यायोचित, गुणवत्तापूर्वक समाधान करने के लिए कहा है।

इस अवसर पर अपर जिलाधिकारी नजूल श्री संजय पाण्डेय, अपर जिलाधिकारी नगर श्री सत्यम मिश्र, अपर जिलाधिकारी वित्त एवं राजस्व श्रीमती विनीता सिंह, अपर जिलाधिकारी आपूर्ति श्री विजय शर्मा, अपर जिलाधिकारी प्रशासन तथा सभी उपजिलाधिकारी, तहसीलदार, नायब तहसीलदार सहित अन्य सम्बंधित अधिकारीगण उपस्थित रहे।

द दस्तक 24
प्रभारी पत्रकार तहसील कोरांव प्रयागराज उमाशंकर कुशवाहा 7571974858

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