फर्रुखाबाद:राष्ट्रीय सड़क सुरक्षा माह के अंतर्गत डीएनपीजी कॉलेज में एनसीसी कैडेट्स को किया गया जागरूक, दिलाई गई सड़क सुरक्षा शपथ

फर्रुखाबाद:(द दस्तक 24 न्यूज़) 24 जनवरी 2026 राष्ट्रीय सड़क सुरक्षा माह के अंतर्गत जिलाधिकारी आशुतोष कुमार द्विवेदी के निर्देशन में आज डीएनपीजी कॉलेज, फतेहगढ़ में कार्यशाला एवं जन-जागरूकता अभियान का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का आयोजन सहायक संभागीय परिवहन अधिकारी (प्रवर्तन) श्री सुभाष राजपूत तथा जिला युवा कल्याण अधिकारी द्वारा संयुक्त रूप से किया गया। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में एसडीएम सदर श्री रजनीकांत उपस्थित रहे।

कार्यक्रम को संबोधित करते हुए सहायक संभागीय परिवहन अधिकारी (प्रवर्तन) सुभाष राजपूत ने एनसीसी कैडेट्स को बताया कि वर्तमान समय में सड़क दुर्घटनाओं में वृद्धि का मुख्य कारण लापरवाही है, जिस पर नियंत्रण किया जाना अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने सभी कैडेट्स से सड़क सुरक्षा नियमों का अक्षरशः पालन करने की अपील की। उन्होंने कहा कि यात्री वाहनों में किसी भी स्थिति में ओवरलोडिंग न करें, वाहन से संबंधित सभी प्रपत्र पूर्ण रखें, नशे की स्थिति में वाहन न चलाएं, वाहन चलाते समय मोबाइल फोन का प्रयोग न करें तथा निर्धारित गति सीमा का पालन करें। साथ ही दोपहिया वाहन चलाते समय हेलमेट तथा चार पहिया वाहन में सीट बेल्ट के प्रयोग को अनिवार्य बताया।

म्युनिसिपल इंटर कॉलेज, फतेहगढ़ के प्रधानाचार्य लेफ्टिनेंट गिरिजा शंकर ने एनसीसी कैडेट्स को अनुशासन में रहते हुए निर्देशित किया कि 18 वर्ष की आयु पूर्ण करने से पूर्व किसी भी प्रकार का वाहन न चलाएं। उन्होंने कैडेट्स से अपने साथियों एवं समाज के अन्य लोगों को भी सड़क सुरक्षा नियमों के पालन के लिए प्रेरित करने का आह्वान किया, जिससे सड़क दुर्घटनाओं पर प्रभावी नियंत्रण पाया जा सके।

एसडीएम सदर श्री रजनीकांत ने अपने संबोधन में कहा कि यदि अवयस्क विद्यार्थी बिना वैध ड्राइविंग लाइसेंस के वाहन चलाते हुए पाए जाते हैं, तो उनके विरुद्ध चालान की कार्रवाई के साथ-साथ मोटर वाहन स्वामी अथवा संरक्षक के विरुद्ध मोटर वाहन (संशोधन) अधिनियम, 2019 की धारा 199(क) के अंतर्गत कठोर कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने बताया कि इस प्रावधान के अंतर्गत अपराध की स्थिति में किशोर के संरक्षक या वाहन स्वामी को दोषी मानते हुए दंडित किया जाएगा, जिसमें तीन वर्ष तक का कारावास, 25 हजार रुपये तक का जुर्माना, वाहन का पंजीयन एक वर्ष के लिए निरस्त किया जाना तथा ड्राइविंग लाइसेंस 25 वर्ष की आयु पूर्ण होने के पश्चात ही बनाए जाने का प्रावधान है।

कार्यक्रम के अंत में एसडीएम सदर द्वारा उपस्थित सभी लोगों को सड़क सुरक्षा संबंधी शपथ दिलाई गई। कार्यक्रम में लगभग 100 एनसीसी कैडेट्स ने प्रतिभाग किया।

इस अवसर पर डीएनपीजी कॉलेज के प्राचार्य डॉ. रामनरेश यादव, डॉ. आलोक बिहारी शुक्ला, भारतीय महाविद्यालय फर्रुखाबाद के प्राचार्य, म्युनिसिपल इंटर कॉलेज के प्रधानाचार्य लेफ्टिनेंट गिरिजा शंकर, सूबेदार शैलेंद्र सिंह, हवलदार सोनवीर सिंह, जिला परियोजना अधिकारी नमामि गंगे, निहारिका पटेल, नेहरू युवा केंद्र के जिला युवा कल्याण अधिकारी सहित उनकी टीम तथा अन्य गणमान्य लोग उपस्थित रहे।