फर्रुखाबाद में जर्जर पांचालघाट पुल और बदहाल रेलवे रोड बना जन चिंता का विषय, व्यापारी आंदोलन की चेतावनी पर अड़े।

फर्रुखाबाद:(द दस्तक 24 न्यूज़) 11 जुलाई 2025 जनपद की दो प्रमुख समस्याएं इन दिनों स्थानीय नागरिकों और व्यापारियों के लिए गंभीर चिंता का विषय बनी हुई हैं: पहला, पांचालघाट पर बना पुल जो अब अत्यंत जर्जर अवस्था में है, और दूसरा, रेलवे रोड का वर्षों से अधूरा पड़ा सौंदर्यीकरण और सड़क निर्माण कार्य।

जर्जर पुल बना जानलेवा खतरा

पांचालघाट का पुल जिले के सबसे व्यस्त मार्गों में से एक है, जो भारी वाहनों के लगातार आवागमन से बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो चुका है। स्थानीय नागरिकों के अनुसार, पुल से गुजरते समय वह हिलने लगता है और इसकी सरिया तथा लोहे के गार्डर स्पष्ट रूप से नजर आने लगे हैं। यह स्थिति बेहद भयावह है, खासकर वर्तमान में जब गंगा नदी में बारिश और बाढ़ के चलते जलस्तर लगातार बढ़ रहा है। प्रतिदिन पानी छोड़े जाने से इस पुल पर खतरा और भी बढ़ गया है।

स्थानीय निवासियों का कहना है कि यदि समय रहते इस पुल की मरम्मत नहीं कराई गई तो कभी भी कोई बड़ा हादसा हो सकता है, जैसा कि देश के अन्य हिस्सों में पुल टूटने की घटनाओं में सैकड़ों लोगों की जान जा चुकी है। जनहित में यह आवश्यक है कि प्रशासन तुरंत संज्ञान लेते हुए इस पुल की मरम्मत व सुदृढ़ीकरण का कार्य प्रारंभ करे।

रेलवे रोड पर व्यापारी परेशान, तीन साल से अधूरे काम

दूसरी ओर, रेलवे रोड की हालत भी दिन-प्रतिदिन बिगड़ती जा रही है। न तो सड़क निर्माण हुआ और न ही बिजली के खंभों और लाइनों की स्थापना का कार्य शुरू हुआ है। नगर क्षेत्र के इस प्रमुख वाणिज्यिक क्षेत्र में मूलभूत सुविधाओं का अभाव व्यापारियों को भारी आर्थिक नुकसान पहुँचा रहा है।

व्यापार मंडल मिश्रा गुट के प्रतिनिधियों का कहना है कि उन्होंने कई बार उद्योग बंधु और व्यापार बंधु की बैठकों में यह मुद्दा उठाया और जिलाधिकारी द्वारा संबंधित अधिकारियों को निर्देश भी दिए गए, लेकिन नगर पालिका परिषद फर्रुखाबाद ने आज तक कोई कार्यवाही नहीं की। व्यापारी वर्ग अब भुखमरी की कगार पर है और जिला राजस्व को भी इसका भारी नुकसान उठाना पड़ रहा है।

आंदोलन की चेतावनी

स्थिति की गंभीरता को देखते हुए जिला महिला एवं नगर महिला उद्योग व्यापार मंडल (मिश्रा गुट) ने प्रशासन को स्पष्ट चेतावनी दी है कि यदि शीघ्र ही पांचालघाट पुल की मरम्मत और रेलवे रोड का निर्माण कार्य प्रारंभ नहीं किया गया, तो वह एक व्यापक जन आंदोलन चलाने के लिए बाध्य होंगे, जिसकी सम्पूर्ण जिम्मेदारी प्रशासन और शासन की होगी।

जिला महिला उद्योग व्यापार मंडल पदाधिकारी में महिला मोर्चा जिला अध्यक्ष सोनी शुक्ला, जिला कोषाध्यक्ष यशोदा सिंह, जिला वरिष्ठ उपाध्यक्ष अर्चना दुबे, जिला उपाध्यक्ष रेखा मिश्रा, जिला, उपाध्यक्ष प्रतिभा सिंह, कोषाध्यक्ष निशा गुप्ता, जिला मंत्री शालू मिश्रा, जिला मंत्री विनीता सिंह, जिला मंत्री नेहा शाक्य, फतेहगढ़ अध्यक्ष मेघा सक्सेना, जिला महामंत्री हेमलता मिश्रा, जिला वरिष्ठ उपाध्यक्ष सीता भदोरिया, जिला उपाध्यक्ष शिल्पी दीक्षित, जिला उपाध्यक्ष अनीता शर्मा, पांचाल घाट अध्यक्ष माला कटियार, जिला उपाध्यक्ष गीता कटियार, जिला मंत्री सीमा यादव

जिला मंत्री रीता रस्तोगी, रेनू दीक्षित, अंशु चौहान, कल्पना कश्यप, शालिनी आदि कार्यकर्ता उपस्थित रही।