2026 अंडर-19 वर्ल्ड कप से एक अजब मामला सामने आया है, जिसे भारत के पूर्व क्रिकेटर आकाश चोपड़ा ने उठाया है. 22 जनवरी को वर्ल्ड कप में पाकिस्तान और जिम्बाब्वे का आमना-सामना हुआ, जिसमें पाक टीम 8 विकेट से विजयी रही. आकाश चोपड़ा ने आरोप लगाते हुए कहा कि पाकिस्तान ने जानबूझकर खेल को धीमा कर दिया था, जिससे स्कॉटलैंड अंडर-19 वर्ल्ड कप से बाहर हो जाए.
पाकिस्तान और जिम्बाब्वे का मैच, स्कॉटलैंड के लिए भी बहुत महत्वपूर्ण था. अगर जिम्बाब्वे बड़े अंतर से हार जाती तो बेहतर नेट रन रेट के आधार पर स्कॉटलैंड सुपर-6 में पहुंच जाती. पाकिस्तान तेजी से रन बना रहा था और आसानी से 20 ओवरों के भीतर जीत दर्ज कर सकता था. मगर धीमी बैटिंग के कारण यही लक्ष्य पाक टीम ने 26.2 ओवर में हासिल किया. इस कारण जिम्बाब्वे का नेट रन रेट स्कॉटलैंड से बेहतर हो गया है. आकाश चोपड़ा ने इसी धीमी बैटिंग पर आपत्ति जताई है.
नतीजा यह निकला कि अब जिम्बाब्वे का नेट रन रेट -2.916 है, वहीं स्कॉटलैंड का -2.986 है. बहुत करीबी अंतर के चलते स्कॉटलैंड वर्ल्ड कप से बाहर हो गया है. जिम्बाब्वे के खिलाफ पाकिस्तान और 5 ओवर पहले जीत गया होता, तो स्कॉटलैंड सुपर-6 में चला जाता.
आकाश चोपड़ा ने सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए पाकिस्तान टीम पर आरोप लगाए हैं. उन्होंने लिखा, “पाकिस्तान की अंडर-19 टीम ने जानबूझकर धीमे अंदाज में रन बनाए, जिससे स्कॉटलैंड बाहर हो जाए, क्योंकि उसका नेट रन रेट जिम्बाब्वे से बेहतर था. दोनों का NRR नेगेटिव है, और आप अंतर तो देखिए.”
आकाश चोपड़ा ने आगे कहा, “किसी तीसरी टीम को बाहर करने के लिए जानबूझकर परिणाम में हेरफेर करना शर्मनाक है. ये नियमों के अंतर्गत आता है, लेकिन बहुत निराशाजनक. क्या अंडर-19 खिलाड़ियों को यही सब सिखाया जाना चाहिए? इसके लिए क्या उनकी तारीफ होनी चाहिए?”
