फर्रुखाबाद में आयोजित हुआ मिलेट्स पुनरोद्धार कार्यक्रम, सांसद व जिलाधिकारी ने किसानों को किया संबोधित

फर्रुखाबाद:(द दस्तक 24 न्यूज़) 17 अक्टूबर 2025 क्रिश्चियन इंटर कॉलेज ग्राउंड, फर्रुखाबाद में आज मिलेट्स पुनरोद्धार कार्यक्रम योजना के अंतर्गत जनपद स्तरीय कृषक गोष्ठी का भव्य आयोजन किया गया। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में सांसद मुकेश राजपूत, जिलाधिकारी आशुतोष कुमार द्विवेदी, मुख्य विकास अधिकारी विनोद कुमार गौड़, जिला विकास अधिकारी श्याम कुमार तिवारी, उप कृषि निदेशक अरविन्द मोहन मिश्र, जिला कृषि अधिकारी बी.के. सिंह, कृषि वैज्ञानिक अरविन्द कुमार एवं महेन्द्र प्रसाद, पर्यावरणविद गुंजा जैन, तथा भा.ज.पा. नेता श्री वीरेन्द्र सिंह राठौर सहित बड़ी संख्या में किसान मौजूद रहे।

कृषि विभाग ने दी उपयोगी जानकारी

कार्यक्रम में उप कृषि निदेशक अरविन्द मोहन मिश्र ने बताया कि देश को आज भी तिलहनी और दलहनी फसलों के लिए आयात पर निर्भर रहना पड़ता है। आत्मनिर्भर भारत के लक्ष्य की दिशा में इन फसलों के क्षेत्रफल व उत्पादन में वृद्धि आवश्यक है। प्रधानमंत्री दलहन मिशन योजना और पी.एम. धन-धान्य योजना किसानों के लिए नए अवसर प्रदान कर रही हैं। उन्होंने बताया कि जिले को 4600 सरसों मिनीकिट का लक्ष्य मिला है, जिसकी बुकिंग किसानों द्वारा कर ली गई है।

जिला कृषि अधिकारी श्री बी.के. सिंह ने बताया कि जिले में पर्याप्त मात्रा में उर्वरक उपलब्ध हैं। किसानों से अनुरोध किया गया कि वे संतुलित उर्वरक, जैविक खाद और कम्पोस्ट खाद का उपयोग करें ताकि मिट्टी की गुणवत्ता बनी रहे।

श्री अन्न (मिलेट्स) की खेती पर जोर

कृषि वैज्ञानिक श्री अरविन्द कुमार ने बताया कि श्री अन्न (मिलेट्स) में ज्वार, बाजरा, कोदों, सांवा, और रागी जैसी फसलें आती हैं, जो न केवल पौष्टिक हैं बल्कि स्वास्थ्य के लिए भी अत्यंत लाभकारी हैं। उन्होंने किसानों से इन फसलों की खेती शुरू करने का आग्रह किया।

पर्यावरणविद् श्रीमती गुंजा जैन ने किसानों को मृदा जांच कराने और मृदा स्वास्थ्य कार्ड के अनुसार उर्वरक उपयोग करने की सलाह दी। उन्होंने कहा कि मिलेट्स फसलों की लागत कम होती है और यह मानव स्वास्थ्य व पर्यावरण दोनों के लिए फायदेमंद हैं।

जिलाधिकारी ने दिया आत्मनिर्भर कृषि का संदेश

जिलाधिकारी श्री आशुतोष द्विवेदी ने कहा कि प्रधानमंत्री का विजन है कि आने वाले वर्षों में श्री अन्न फसलों का उत्पादन बढ़े, जिससे देश पोषण और आर्थिक दोनों दृष्टि से मजबूत हो सके। उन्होंने कहा कि मिलेट्स फसलों का बाजार मूल्य अधिक होता है और इससे किसानों को आर्थिक लाभ प्राप्त होगा। जिलाधिकारी ने किसानों से अपील की कि वे इस गोष्ठी से मिले ज्ञान को अपने गांवों में भी साझा करें और “विकसित उत्तर प्रदेश 2047” के अभियान में अपनी भागीदारी सुनिश्चित करें।

श्री अन्न उत्पादों से बढ़ेगी आमदनी

भा.ज.पा. नेता श्री वीरेन्द्र सिंह राठौर ने किसानों को बताया कि श्री अन्न से रागी लड्डू, बाजरा बिस्कुट, एवं अन्य उत्पाद तैयार किए जा सकते हैं, जिनकी बाजार में मांग व मूल्य दोनों ही अधिक हैं। किसानों को अपनी उपज को क्रय केंद्रों के माध्यम से बेचने की सलाह दी गई।

सांसद ने किया किसानों को प्रेरित

मा० सांसद श्री मुकेश राजपूत ने कहा कि सरकार की मंशा है कि देश का किसान सशक्त बने, क्योंकि “किसान मजबूत होगा तभी देश मजबूत होगा।” उन्होंने कहा कि पहले के समय में लोग मोटा अनाज खाते थे और स्वस्थ रहते थे, जबकि आज यह परंपरा घट गई है। उन्होंने किसानों से आग्रह किया कि वे मिलेट्स की खेती को अपनाएं और फसल बीमा योजना का लाभ लेकर अपने जोखिम को कम करें।

कार्यक्रम का समापन

अंत में सभी अधिकारियों, वैज्ञानिकों और किसानों का धन्यवाद ज्ञापित करते हुए कार्यक्रम का समापन किया गया। गोष्ठी के माध्यम से किसानों में श्री अन्न फसलों की खेती के प्रति नई जागरूकता देखने को मिली।