फर्रुखाबाद:प्रभावी पैरवी से अपराधियों को सख्त सजा, फतेहगढ़ पुलिस की बड़ी सफलता

फर्रुखाबाद:(द दस्तक 24 न्यूज़) 16 जनवरी 2026 पुलिस महानिदेशक उत्तर प्रदेश, लखनऊ के निर्देशन में अभियुक्तों को अधिकतम सजा दिलाने हेतु चलाए जा रहे अभियान के अंतर्गत फतेहगढ़ पुलिस को बड़ी सफलता प्राप्त हुई है। प्रभावी विवेचना, सतत मॉनिटरिंग एवं सशक्त अभियोजन के माध्यम से दो अलग-अलग मामलों में न्यायालय द्वारा अभियुक्तों को दोषसिद्ध कर कठोर दंड से दंडित किया गया।

पॉक्सो एक्ट मामले में अभियुक्त को 3 वर्ष का कारावास

थाना राजेपुर जनपद फतेहगढ़ में पंजीकृत मु0अ0सं0-15/2021, वाद संख्या 94/2021, धारा 354(क) भा.द.वि. एवं 7/8 पाक्सो एक्ट के अंतर्गत अभियुक्त मल्लू सिंह उर्फ सुबेक सिंह पुत्र मनोज सिंह, निवासी हरिहरपुर के विरुद्ध अभियोग पंजीकृत किया गया था। विवेचना पूर्ण कर आरोप पत्र मा० न्यायालय में प्रेषित किया गया।

फतेहगढ़ पुलिस टीम, मॉनिटरिंग सेल, अभियोजन पक्ष तथा कोर्ट पैरोकार/कोर्ट मोहर्रिर द्वारा की गई प्रभावी पैरवी के परिणामस्वरूप मा० पाक्सो प्रथम न्यायालय द्वारा दिनांक 16 जनवरी 2026 को अभियुक्त को दोषसिद्ध करते हुए 03 वर्ष के साधारण कारावास एवं 3000 रुपये के अर्थदंड से दंडित किया गया।

एडीजीसी: श्री संजीव कुमार मिश्रा, कोर्ट मोहर्रिर: हे0का0 तेज सिंह, पैरोकार: का0 संजीव कुमार

गैंगस्टर एक्ट मामले में दो अभियुक्तों को 8-8 वर्ष का कारावास

इसी क्रम में थाना मोहम्मदाबाद जनपद फतेहगढ़ में पंजीकृत मु0अ0सं0-129/1997, वाद संख्या 173/1998, धारा 3(1) उत्तर प्रदेश गैंगस्टर एक्ट के अंतर्गत अभियुक्त नागेन्द्र उर्फ बाबा पुत्र बहादुर सिंह एवं जसवीर पुत्र बहादुर सिंह, निवासी गण रोहिला, के विरुद्ध अभियोग पंजीकृत था। विवेचना उपरांत आरोप पत्र न्यायालय में दाखिल किया गया।

फतेहगढ़ पुलिस, मॉनिटरिंग सेल, अभियोजन पक्ष एवं कोर्ट स्टाफ की अथक मेहनत एवं प्रभावी पैरवी के फलस्वरूप मा० स्पेशल जज गैंगस्टर एक्ट न्यायालय द्वारा दिनांक 16 जनवरी 2026 को दोनों अभियुक्तों को दोषसिद्ध करते हुए प्रत्येक को 08-08 वर्ष के कारावास एवं 10-10 हजार रुपये के अर्थदंड से दंडित किया गया।

एडीजीसी: श्री शैलेश कुमार सिंह, कोर्ट मोहर्रिर: हे0का0 राजेन्द्र कुमार, पैरोकार: का0 सुमित कुमार

फतेहगढ़ पुलिस द्वारा की गई यह कार्रवाई अपराधियों के विरुद्ध सख्त संदेश है कि कानून व्यवस्था से खिलवाड़ करने वालों को किसी भी सूरत में बख्शा नहीं जाएगा। अपराधियों को सजा दिलाना, पीड़ितों को न्याय एवं जनपद में कानून-व्यवस्था बनाए रखना पुलिस की सर्वोच्च प्राथमिकता है।