फर्रुखाबाद:प्रभावी पैरवी का परिणाम: शमशाबाद थाना क्षेत्र के तीन मामलों में अभियुक्तों को कठोर सजा

फर्रुखाबाद:(द दस्तक 24 न्यूज़) 20 दिसंबर 2025 पुलिस महानिदेशक उत्तर प्रदेश, लखनऊ के निर्देशन में अपराधियों को अधिकतम सजा दिलाने हेतु चलाए जा रहे अभियान के तहत फतेहगढ़ पुलिस, मॉनीटरिंग सेल एवं अभियोजन पक्ष द्वारा प्रभावी पैरवी का उल्लेखनीय परिणाम सामने आया है। शमशाबाद थाना क्षेत्र के तीन पुराने आपराधिक मामलों में न्यायालय द्वारा अभियुक्तों को दोषसिद्ध करते हुए कठोर सजाएं सुनाई गई हैं।

आर्म्स एक्ट के दो मामलों में तीन वर्ष का कठोर कारावास

प्रथम मामले में अभियुक्त सिकन्दर पुत्र विनोद, निवासी पृथ्वीदरवाजा, कस्बा व थाना कायमगंज, जनपद फतेहगढ़ के विरुद्ध मु0अ0सं0-179/2002 (वाद संख्या 299/2010) धारा 25/27 आर्म्स एक्ट, थाना शमशाबाद में अभियोग पंजीकृत था। विवेचना उपरांत आरोप पत्र न्यायालय में प्रेषित किया गया।

मा0 न्यायालय एडीजे-04/ई0सी0 एक्ट कोर्ट द्वारा दिनांक 20 दिसंबर 2025 को अभियुक्त को दोषसिद्ध करते हुए 03 वर्ष का कठोर कारावास एवं 10,000 रुपये अर्थदण्ड की सजा सुनाई गई।

इसी प्रकार दूसरे मामले में अभियुक्त राजेश अग्रवाल पुत्र सुरेन्द्र अग्रवाल, निवासी नोनियमगंज, कस्बा व थाना कायमगंज, जनपद फतेहगढ़ के विरुद्ध मु0अ0सं0-178/2002 (वाद संख्या 299/2010) धारा 25/27 आर्म्स एक्ट, थाना शमशाबाद में पंजीकृत अभियोग में भी न्यायालय ने अभियुक्त को 03 वर्ष के कठोर कारावास एवं 10,000 रुपये अर्थदण्ड से दण्डित किया।

हत्या के मामले में तीनों अभियुक्तों को आजीवन कारावास

तीसरे गंभीर मामले में अभियुक्तगण, राजेश अग्रवाल पुत्र सुरेन्द्र अग्रवाल, सिकन्दर पुत्र विनोद बाथम, देशराज पुत्र बाबूराम वर्मा,

सभी निवासी थाना कायमगंज, जनपद फतेहगढ़ के विरुद्ध मु0अ0सं0-142/2002 (वाद संख्या 32/2004) धारा 302/34 भादवि0, थाना शमशाबाद में अभियोग पंजीकृत था।

सघन विवेचना, प्रभावी साक्ष्य प्रस्तुतीकरण एवं सशक्त पैरवी के आधार पर मा0 न्यायालय एडीजे-04/ई0सी0 एक्ट कोर्ट द्वारा दिनांक 20 दिसंबर 2025 को तीनों अभियुक्तों को दोषसिद्ध करते हुए प्रत्येक को आजीवन कारावास तथा 50,000 -50,000 रुपये अर्थदण्ड की सजा सुनाई गई।

टीमवर्क का परिणाम

इन सभी मामलों में एडीजीसी श्री श्रवण कुमार, कोर्ट मोहर्रिर का0 गौरव कुमार एवं पैरोकार हे0 का0 राजेश कुमार की महत्वपूर्ण भूमिका रही। फतेहगढ़ पुलिस टीम, मॉनीटरिंग सेल एवं अभियोजन पक्ष के समन्वित प्रयासों से न्यायालय में प्रभावी पैरवी संभव हो सकी।

पुलिस प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि अपराधियों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई एवं न्यायालय में मजबूत पैरवी आगे भी जारी रहेगी, ताकि कानून का भय बना रहे और पीड़ितों को न्याय मिल सके।