फर्रुखाबाद,(द दस्तक 24 न्यूज़) 26 जून 2025 तथागत संभ्रांत नागरिक सामाजिक संगठन (तसंस) के नेतृत्व में जनपद से सैकड़ों बौद्ध अनुयायी समर्थक 28 जून 2025 संकिसा के लिए रवाना होंगे। वे वहां आयोजित महाबोधि महाविहार चिंतन शिविर में भाग लेंगे, जिसे बौद्ध समाज में एक महत्वपूर्ण वैचारिक आयोजन के रूप में देखा जा रहा है।
इस शिविर का आयोजन युवा बुद्धिस्ट सोसाइटी (वाईबीएस) के राष्ट्रीय अध्यक्ष सुरेश बौद्ध द्वारा किया गया है। कार्यक्रम संकिसा सेंटर में 28 जून 2025 को दोपहर 02 बजे से शुरू होगा, जिसमें फर्रुखाबाद सहित आसपास के कई जनपदों से हजारों की संख्या में लोग भाग लेंगे।
तैयारी और उत्साह चरम पर
तसंस के जिलाध्यक्ष शिवकुमार शाक्य के अनुसार, अब तक ढाई दर्जन से अधिक लोगों ने चार पहिया वाहनों से संकिसा पहुंचने की जानकारी दी है। इसके अतिरिक्त, बड़ी संख्या में युवा दोपहिया वाहनों से भी इस यात्रा में शामिल हो रहे हैं।
यात्रा की शुरुआत 28 जून दोपहर 12:30 बजे आरपी गेस्ट हाउस, बाईपास से की जाएगी, जहाँ सभी प्रतिभागियों को पंचशील ध्वज और स्टीकर वितरित किए जायेगे।
समाज में बढ़ती वैचारिक चेतना
बौद्ध धर्म और संविधानवादी मूल्यों को लेकर चल रहे इस चिंतन शिविर को लेकर समाज में गहरी चेतना और उत्साह देखने को मिल रहा है। यह आयोजन न केवल सांस्कृतिक जागरूकता का प्रतीक है, बल्कि सामाजिक एकता और विचारधारात्मक मजबूती का संदेश भी देता है।
क्या है संकिसा का महत्व?
संकिसा बौद्ध धर्म के प्रमुख स्थलों में गिना जाता है। मान्यता है कि यहीं भगवान बुद्ध तावतिंस लोक से धरती पर उतरे थे। यह स्थल बौद्ध अनुयायियों के लिए अत्यंत श्रद्धा और प्रेरणा का केंद्र है।
संवाददाता-धर्मवीर सिंह शाक्य (द दस्तक 24)
