फर्रुखाबाद:(द दस्तक 24 न्यूज़) 18 जुलाई 2025 कलेक्ट्रेट सभागार में मुकेश राजपूत सांसद लोकसभा की अध्यक्षता में संसद सदस्य सड़क सुरक्षा समिति (MPRSC) की बैठक का आयोजन किया गया। इस बैठक में जिले में सड़क दुर्घटनाओं की लगातार बढ़ती घटनाओं पर गहन समीक्षा की गई और अनेक महत्त्वपूर्ण निर्णय लिये गये।
बैठक की शुरुआत में एआरटीओ प्रवर्तन श्री सुभाष राजपूत ने बताया कि माह जून 2025 में जनपद फर्रूखाबाद में सड़क दुर्घटनाओं की संख्या में 65.62% और मृतकों की संख्या में 76.92% की भारी वृद्धि दर्ज की गई है। वर्ष 2025 में अब तक जिले में 18.55% अधिक दुर्घटनाएँ और 29.52% अधिक मृत्यु हुई हैं। यह आंकड़े उत्तर प्रदेश के औसत वृद्धि दर से अधिक हैं, जहां राज्य स्तर पर यह वृद्धि क्रमशः 15.40% और 18.00% रही।
प्रमुख मार्गों पर दुर्घटनाओं की समीक्षा
जनपद के सीमांतर्गत राष्ट्रीय राजमार्ग पर 140%, राज्य मार्ग पर 212.50% तथा अन्य मार्गों पर 50% की वृद्धि हुई। क्रमिक रूप से राष्ट्रीय राजमार्ग पर दुर्घटनाओं की संख्या में 300% वृद्धि, राज्य मार्ग पर 16.39% की वृद्धि और अन्य मार्गों पर भी बढ़ोतरी दर्ज की गई।मृतकों की संख्या में भी चिंताजनक वृद्धि देखी गई – राज्य मार्ग पर 400%, अन्य मार्गों पर 200%, और क्रमिक रूप से राष्ट्रीय राजमार्ग पर 115.38%, राज्य मार्ग पर 66.67% तथा अन्य जिला मार्ग पर 42.11% की वृद्धि हुई।
दोपहिया वाहनों की भूमिका
माह जून में कुल 53 दुर्घटनाओं में 23 लोगों की मृत्यु और 60 लोग घायल हुए। इनमें से 36 दुर्घटनाओं में दोपहिया वाहन शामिल थे, जिनमें 13 लोगों की मौत हुई और 40 घायल हुए। 09 दुर्घटनाएं ऐसी थीं जिनमें दोनों वाहन दोपहिया थे। चिंता की बात यह रही कि पुलिस विभाग के पास यह सूचना नहीं थी कि इन दोपहिया वाहनों में कितने चालकों ने हेलमेट का उपयोग किया था।
ब्लैक स्पॉट्स और गंभीर दुर्घटनाएं
ब्लैक स्पॉट पर जून में एक दुर्घटना ग्राम सकवाई में हुई जिसमें 1 व्यक्ति की मृत्यु और 2 घायल हुए। अब तक वर्ष 2025 में जिले में 17 दुर्घटनाएं ब्लैक स्पॉट्स पर घटित हो चुकी हैं। पुलिस अधीक्षक श्रीमती आरती सिंह ने जानकारी दी कि राष्ट्रीय राजमार्ग 730C और जसमई तिराहा–शमसाबाद मार्ग पर सर्वाधिक दुर्घटनाएं हुई हैं। इस पर तीव्र मोड़ संकेतक, ब्रेकर, ब्लिंकर, सफेद पट्टियाँ व रम्बल स्ट्रिप लगाए जाने की संस्तुति की गई है ताकि दुर्घटनाओं में 50% तक की कमी लाई जा सके।
शासन की योजनाएं व निर्देश
जिलाधिकारी श्री आशुतोष कुमार द्विवेदी ने बताया कि मा0 मुख्यमंत्री जी द्वारा 02 जून 2025 को सड़क दुर्घटनाओं पर चिंता व्यक्त की गई थी और रॉंग साइड ड्राइविंग पर कठोरतम कार्यवाही के निर्देश दिये गये। इसके लिए भारतीय न्याय संहिता की धारा 281 के अंतर्गत छह माह का कारावास या ₹1,000 तक जुर्माना या दोनों का प्रावधान है।
सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्रालय द्वारा 05 मई 2025 को अधिसूचित ‘‘सड़क दुर्घटना पीड़ितों का नकदी रहित उपचार स्कीम 2025’’ लागू की गई है, जिसके अंतर्गत दुर्घटना की तिथि से 7 दिनों तक ₹1.5 लाख तक के मुफ्त इलाज की व्यवस्था है। इसके अतिरिक्त, राह-वीर योजना भी 21 अप्रैल 2025 से 31 मार्च 2026 तक प्रभावी रहेगी, जिसमें घातक दुर्घटना में घायल को ‘गोल्डन ऑवर’ में अस्पताल पहुँचाने पर ₹25,000 का पुरस्कार मिलेगा। हिट एंड रन पीड़ितों के लिए मुआवजा योजना 2022 के अंतर्गत अज्ञात वाहन से हुई मृत्यु पर ₹2 लाख और गंभीर रूप से घायल पर ₹50 हजार का मुआवजा दिया जाता है। इसके लिए जिले में जिलास्तरीय समिति का गठन भी कर दिया गया है।
जनप्रतिनिधियों के सुझाव
विधायक अमृतपुर श्री सुशील कुमार शाक्य ने शराब पीकर वाहन चलाने, दोपहिया वाहनों पर ओवरलोडिंग और ओवरस्पीड पर कड़ी कार्यवाही की मांग की। विधायक भोजपुर श्री नागेन्द्र सिंह राठौर ने राजकीय मार्गों पर फुटपाथ की कमी और झाड़ियों की सफाई पर चिंता जताई। सांसद जी ने मेरापुर-अचरा-संकिसा मार्ग पर पटरी न होने पर नाराजगी जताई और तत्काल मिट्टी भराव का निर्देश दिया।
प्रशासनिक और पुलिस विभाग की सक्रियता
जिलाधिकारी ने हर शनिवार स्कूलों में सड़क सुरक्षा पर एक पीरियड आरक्षित करने के निर्देश दिए। पुलिस अधीक्षक आरती सिंह ने हेलमेट प्रयोग न करने पर सख्त कार्रवाई की बात दोहराई और पुलिस लाइंस में भी नियमों के उल्लंघन पर कार्रवाई की जानकारी दी।
जिलाधिकारी आशुतोष कुमार द्विवेदी ने अंडर एज ड्राइवर द्वारा रोडवेज बस चलाने की घटना को गंभीरता से लिया और मा0 सांसद जी द्वारा अनुबंध समाप्त करने का निर्देश दिया गया। अंत में सांसद मुकेश राजपूत जी ने मद्यपान कर वाहन चलाने पर कार्रवाई और ट्रैक्टर-ट्रॉली पर रिफ्लेक्टिव टेप लगाने के निर्देश देते हुए कहा कि यदि सभी विभाग समन्वय से कार्य करें तो दुर्घटनाओं में बड़ी गिरावट लाई जा सकती है।
बैठक में कई जनप्रतिनिधियों और वरिष्ठ अधिकारियों की उपस्थिति रही, जिनमें प्रमुख रूप से विधायक अमृतपुर सुशील शाक्य, विधायक भोजपुर नागेन्द्र सिंह, जिलाध्यक्ष फतेहचंद्र राजपूत, जिलाधिकारी आशुतोष द्विवेदी, पुलिस अधीक्षक आरती सिंह, सीडीओ अरविंद्र कुमार मिश्र, एआरटीओ प्रवर्तन सुभाष राजपूत, सीओ यातायात सुश्री ऐश्वर्या उपाध्याय सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।
