फर्रुखाबाद:(द दस्तक 24 न्यूज़) 25 फरवरी 2026 उत्तर प्रदेश उद्योग व्यापार मंडल (मिश्रा गुट) के आह्वान पर जनपद सहित प्रदेश के विभिन्न जिलों में व्यापारियों ने मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपकर थाना मऊदरवाजा में दर्ज मुकदमे को फर्जी बताते हुए उसे तत्काल वापस लेने की मांग की है। ज्ञापन के माध्यम से भ्रष्टाचार के आरोपों में घिरे बजरिया चौकी इंचार्ज के विरुद्ध सख्त कार्रवाई और निलंबन की भी मांग उठाई गई है।
ज्ञापन माननीय मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नाम संबोधित कर जिलाधिकारी फर्रुखाबाद के माध्यम से प्रेषित किया गया। संगठन के पदाधिकारियों का कहना है कि 1 फरवरी 2026 को थाना मऊदरवाजा में अपराध संख्या 0046/26 के अंतर्गत विभिन्न धाराओं में 15 नामजद एवं 5-7 अज्ञात व्यापारियों के विरुद्ध मुकदमा दर्ज किया गया, जो पूरी तरह निराधार है।
भ्रष्टाचार के आरोपों के बाद हुआ था मशाल जुलूस
व्यापार मंडल के अनुसार, बजरिया चौकी इंचार्ज पर भ्रष्टाचार के गंभीर आरोप लगाते हुए पूर्व में पुलिस अधीक्षक को ज्ञापन दिया गया था। एक सप्ताह तक कोई कार्रवाई न होने पर संगठन ने शांतिपूर्ण तरीके से मशाल जुलूस निकाला। व्यापारियों का दावा है कि जुलूस पूर्णतः शांतिपूर्ण था, न तो कानून-व्यवस्था भंग हुई और न ही किसी प्रकार की भगदड़ या बाजार बंदी की स्थिति उत्पन्न हुई।
संगठन का आरोप है कि भ्रष्टाचार के विरुद्ध आवाज उठाने के कारण पुलिस द्वारा प्रतिशोध की भावना से मुकदमा दर्ज किया गया। उनका कहना है कि इससे व्यापारियों में भय का माहौल उत्पन्न हो रहा है और भविष्य में कोई भी व्यक्ति भ्रष्टाचार के खिलाफ आवाज उठाने से कतराएगा।
जांच अधिकारी पर भी गंभीर आरोप
ज्ञापन में यह भी आरोप लगाया गया है कि मुकदमे के विवेचक सब-इंस्पेक्टर द्वारा नामजद व्यापारियों को थाने बुलाकर धन की मांग की जा रही है। आरोप है कि धनराशि न देने पर 151 की कार्रवाई की धमकी देकर कुछ व्यापारियों को जेल भी भेजा गया। संगठन ने इसे गंभीर अनियमितता बताते हुए निष्पक्ष जांच की मांग की है।
इसके अतिरिक्त बजरिया चौकी इंचार्ज पर अन्य मामलों में भी रिश्वत मांगने और न देने पर चालान करने जैसे आरोप लगाए गए हैं। संगठन ने मीडिया में प्रकाशित खबरों का हवाला देते हुए पूरे प्रकरण की उच्चस्तरीय जांच कराने की मांग की है।
प्रदेशव्यापी आंदोलन की चेतावनी
उत्तर प्रदेश युवा उद्योग व्यापार मंडल के पदाधिकारियों ने स्पष्ट किया कि यदि शीघ्र न्यायोचित कार्रवाई नहीं हुई तो प्रदेशभर में चरणबद्ध आंदोलन किया जाएगा। संगठन का कहना है कि यह केवल फर्रुखाबाद के व्यापारियों का मुद्दा नहीं, बल्कि पूरे प्रदेश के व्यापारी समाज के सम्मान से जुड़ा विषय है।
मुख्यमंत्री से हस्तक्षेप की मांग
व्यापार मंडल ने मुख्यमंत्री से आग्रह किया है कि जनपद फर्रुखाबाद की घटना का संज्ञान लेते हुए—
व्यापारियों पर दर्ज मुकदमा तत्काल वापस लिया जाए,
भ्रष्टाचार के आरोपों की निष्पक्ष जांच कर दोषी पुलिसकर्मियों को निलंबित किया जाए,
तथा प्रकरण में लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों के विरुद्ध कठोर कार्रवाई की जाए।
ज्ञापन पर जिला अध्यक्ष सदानंद शुक्ला, जिला महामंत्री नरेश पालीवाल, नगर अध्यक्ष हाजी मो. इखलाक खान, जिला महिला अध्यक्ष सोनी शुक्ला सहित अनेक पदाधिकारियों के हस्ताक्षर हैं।
व्यापारी नेताओं ने कहा कि प्रदेश सरकार की ‘जीरो टॉलरेंस’ नीति के अनुरूप यदि भ्रष्टाचार के विरुद्ध आवाज उठाने वालों पर ही कार्रवाई होगी, तो यह लोकतांत्रिक मूल्यों के विपरीत होगा। उन्होंने उम्मीद जताई कि मुख्यमंत्री स्तर से हस्तक्षेप कर व्यापारियों को न्याय दिलाया जाएगा।
