फर्रुखाबाद:(द दस्तक 24 न्यूज़) 13 जनवरी 2026 जिले के लोहिया अस्पताल में इलाज के लिए आने वाले मरीजों को अब एक्स-रे कराने के लिए अपने साथ स्मार्टफोन लाना अनिवार्य हो गया है। अस्पताल में कई दिनों से एक्स-रे फिल्म उपलब्ध नहीं है, जिसके चलते मरीजों को कंप्यूटर स्क्रीन पर दिख रहे एक्स-रे की मोबाइल से फोटो खींचकर ही डॉक्टर को दिखाना पड़ रहा है।
अस्पताल सूत्रों के अनुसार, बिना एंड्रॉयड मोबाइल (स्मार्टफोन) लाए मरीजों का एक्स-रे नहीं किया जा रहा। इस नई व्यवस्था से खासकर ग्रामीण क्षेत्रों से आने वाले गरीब और बुजुर्ग मरीजों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
फिल्म की जगह मोबाइल फोटो
अस्पताल में एक्स-रे तो किया जा रहा है, लेकिन उसकी फिल्म नहीं दी जा रही। मरीजों को एक्स-रे रिपोर्ट कंप्यूटर स्क्रीन पर दिखाई जाती है और उसी स्क्रीन की फोटो मोबाइल से क्लिक करनी पड़ती है। इसके बाद वही फोटो डॉक्टर को दिखाकर इलाज कराया जा रहा है।
बजट पर रोक बनी वजह
इस संबंध में अस्पताल के मुख्य चिकित्सा अधीक्षक (CMS) डॉ. जगमोहन शर्मा ने बताया कि पिछले सप्ताह आई ऑडिट टीम ने अधिक खर्च का हवाला देते हुए एक्स-रे फिल्म की खरीद पर रोक लगा दी है। इसी कारण यह अस्थायी व्यवस्था लागू की गई है।
स्मार्टफोन न होने पर लौटना पड़ रहा
जिन मरीजों के पास स्मार्टफोन नहीं है, उन्हें बिना एक्स-रे कराए ही वापस लौटना पड़ रहा है।
लीलापुर गांव की पूनम इसका उदाहरण हैं, जिन्हें मोबाइल न होने के कारण बिना एक्स-रे कराए अस्पताल से लौटना पड़ा।
केवल मेडिको-लीगल मामलों में मिलेगी फिल्म
अस्पताल प्रशासन के अनुसार अब एक्स-रे फिल्म सिर्फ पुलिस द्वारा कराए जाने वाले मेडिको-लीगल मामलों (MLC) में ही दी जाएगी। सामान्य मरीजों को फिल्म उपलब्ध नहीं कराई जाएगी।
व्यवस्था पर उठे सवाल
स्वास्थ्य सेवाओं को डिजिटल बनाने की बात तो की जा रही है, लेकिन बिना वैकल्पिक व्यवस्था के स्मार्टफोन को अनिवार्य करना गरीब और अशिक्षित मरीजों के साथ अन्याय माना जा रहा है। मरीजों और सामाजिक संगठनों ने इस व्यवस्था पर सवाल उठाते हुए फिल्म या प्रिंट की वैकल्पिक सुविधा बहाल करने की मांग की है।
