फर्रुखाबाद:(द दस्तक 24 न्यूज़) 10 जुलाई 2025 जिलाधिकारी श्री आशुतोष कुमार द्विवेदी की अध्यक्षता में आज कलेक्ट्रेट सभागार में एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई, जिसमें जनपद फर्रुखाबाद में गंगा नदी में सीधे गिर रहे नालों के शोधन एवं प्रदूषण नियंत्रण को लेकर विस्तृत चर्चा की गई। बैठक में संबंधित विभागों के अधिकारियों को आवश्यक निर्देश जारी किए गए।
बैठक में निम्नलिखित महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए:
1. गंगा नदी में गिर रहे प्रमुख नालों का शोधन: सोता बहादुरपुर (दो स्थान), शमशान घाट नाला, बच्चा बाबा आश्रम निकट नाला एवं छोटी घटिया नाला जैसे प्रमुख नालों के शोधन हेतु त्वरित प्रस्ताव तैयार कराए जाने के निर्देश दिए गए हैं।
2. बीबीगंज नाले के लिए पृथक एसटीपी: बीबीगंज नाला जो रमन्ना गुलजार क्षेत्र में गंगा नदी में गिरता है, उसके शोधन हेतु पृथक एसटीपी (सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट) के निर्माण के लिए भूमि चिन्हांकन कर प्रस्ताव तैयार करने के निर्देश दिए गए।
3. गंगा के दूसरे छोर के नालों की पहचान: गंगा नदी के विपरीत तट पर भी गिरने वाले नालों की पहचान कर उनके शोधन हेतु प्रस्ताव तैयार करने के निर्देश दिए गए हैं, जिससे संपूर्ण नदी क्षेत्र में स्वच्छता सुनिश्चित हो सके।
4. औद्योगिक प्रदूषण पर नियंत्रण: जनपद में स्थित औद्योगिक इकाइयों से उत्पन्न अपशिष्ट जल के शोधन के लिए CETP (कॉमन एफ्लुएंट ट्रीटमेंट प्लांट) के निर्माण हेतु प्रस्ताव तैयार कराया जाएगा।
बैठक में प्रभागीय वनाधिकारी, अधिशासी अधिकारी नगर पालिका परिषद, परियोजना प्रबंधक जल निगम, कार्यदायी संस्था HNB के प्रतिनिधि सहित अन्य संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे।
जिलाधिकारी ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि सभी प्रस्ताव समयबद्ध रूप से तैयार कर शासन को प्रेषित किए जाएं, ताकि गंगा स्वच्छता अभियान को प्रभावी रूप से अमल में लाया जा सके।
यह कदम गंगा नदी की स्वच्छता एवं पारिस्थितिकी तंत्र को संरक्षित करने की दिशा में जनपद प्रशासन की एक ठोस पहल मानी जा रही है।
