टीम इंडिया को मुल्लांपुर टी20 में साउथ अफ्रीका के हाथों 51 रन से करारी हार मिली

साउथ अफ्रीका के खिलाफ पहला टी20 जीतकर बढ़त बनाने वाली टीम इंडिया दूसरे मैच में पूरी तरह बिखरी नजर आई. न्यू चंडीगढ़ के मुल्लांपुर में खेले गए मुकाबले में भारत को 51 रन से हार मिली और सीरीज अब 1-1 की बराबरी पर पहुंच गई. इस हार के बाद सोशल मीडिया पर टीम इंडिया की जमकर आलोचना हो रही है. यहां जान लीजिए मुल्लांपुर में टीम इंडिया की हार के 5 बड़े कारण कौन से रहे?

  1. बल्लेबाजी क्रम में फालतू का फेरबदल

भारत ने पहले 2 ओवर में ही अभिषेक शर्मा और शुभमन गिल का विकेट खो दिया था. तीसरे क्रम पर अक्षर पटेल को भेजा गया, जो पावरप्ले में भेजे जाने की उम्मीदों पर खरे नहीं उतरे. कप्तान सूर्यकुमार यादव अपने नियमित तीसरे क्रम पर आए होते, तो शायद उनकी 30-40 रनों की तेजतर्रार पारी मैच का रुख भारत की ओर मोड़ सकती थी. अक्षर नंबर-3 पर आए, इससे तिलक वर्मा सहित सभी बल्लेबाजों का क्रम बदल गया. फिनिशर का रोल अदा करने वाले शिवम दुबे आठवें क्रम पर बैटिंग करने आए. जहां जिस बल्लेबाज को खेलने की आदत नहीं है, उन्हें मजबूरन दूसरे क्रम पर बैटिंग करनी पड़ी.

  1. कप्तान और उपकप्तान की खराब फॉर्म

भारत की टी20 टीम के कप्तान सूर्यकुमार यादव और उपकप्तान शुभमन गिल की खराब फॉर्म जारी है. गिल बिना खाता खोले आउट हो गए, वहीं सूर्यकुमार यादव ने 5 रन बनाए. इस साल गिल के बल्ले से एक भी टी20 फिफ्टी नहीं आई है, वहीं सूर्या की टी20 औसत इस साल 14.4 की है. गिल और सूर्यकुमार का जिम्मेदारी ना लेना भी टीम इंडिया की हार का एक मुख्य कारण रहा.

  1. हार्दिक पांड्या की धीमी पारी

हार्दिक पांड्या जब बैटिंग करने आए, तब 7.3 ओवर में भारत का स्कोर 67/4 था. उस समय भारत को 12.3 ओवर में 147 रन बनाने थे. ऐसे समय कोई भी बल्लेबाज आता, उससे टीम को तेजतर्रार बल्लेबाजी की उम्मीद होती और उस समय की मांग भी ऐसी ही थी. मगर हार्दिक उस समय बहुत धीमे अंदाज में खेले. उन्होंने 23 गेंद में 20 रन बनाए, जो भारतीय टीम को बहुत भारी पड़े.

  1. बुमराह-अर्शदीप के 99 रन

भारतीय टीम की हार की नींव पहली पारी में ही लिख दी गई थी. टी20 टीम के दो मेन तेज गेंदबाज जसप्रीत बुमराह और अर्शदीप सिंह ही बुरी तरह फ्लॉप साबित हो गए. दोनों ने मिलकर 99 रन लुटा दिए. बुमराह ने 4 ओवर में 45 रन दिए, जबकि अर्शदीप ने अपने ओवरों में 54 रन लुटा दिए.

  1. अक्षर पटेल की पारी पड़ी भारी

अक्षर पटेल तीसरे ओवर में ही बैटिंग करने आ गए थे. पावरप्ले में आकर जहां उन्हें तेज बल्लेबाजी करनी चाहिए थी, वहां पारी में छठे ओवर तक 17 गेंद खेलकर सिर्फ 13 रन बना पाए थे. अक्षर इस धीमी पारी की रफ्तार बढ़ा ही नहीं पाए. उनकी 21 गेंद में 21 रनों की पारी की वजह से निचले क्रम के बल्लेबाजों पर भी दबाव बढ़ता चला गया.