मेला क्षेत्र में तीर्थयात्रियों, श्रद्धालुओं एवं आगन्तुकों के सुगम आवागमन हेतु भीड़ नियंत्रण, यातायात व्यवस्था एवं आपदा प्रबंधन से सम्बन्धित उपयोगी सार्ट्स वीडियो बनाकर उन्हे आम जनमानस के मध्य प्रसारित करने पर विस्तृत परिचर्चा की गयी। मेला क्षेत्र में साइबर फ्रॉड प्रिवेंशन व किसी भी तरह की झूठी अफवाह, ए0आई0 जनित फेक वीडियोज आदि रोकने हेतु साइबर पैट्रोलिंग टीम के गठन पर विश्लेषण किया गया। मेला क्षेत्र में आने वाले श्रद्धालुओं को महाकुम्भ में उपलब्ध विभिन्न सुविधाओं की ऑनलाइन बुकिंग से सम्बन्धित फेक बेवसाइट्स से बचाने व विभिन्न तकनीकी आयामों के जरिये जागरूक किये जाने पर विस्तृत चर्चा की गयी । सोशल मीडिया इन्फ्ल्युएंसर्स की तकनीकी कार्यक्षमताओं को और अधिक बढ़ाने हेतु उ0प्र0 पुलिस के तकनीकी विशेषज्ञों द्वारा विशेष प्रशिक्षण दिया जाएगा। सोशल मीडिया इन्फ्ल्युएंसर्स के तकनीकी कौशल से अनुदेशात्मक व सूचनात्मक शार्ट वीडियोज बनवाकर श्रद्धालुओं के मध्य प्रसारित कर सम्पूर्ण मेला क्षेत्र की उपयोगी जानकारी देने के सम्बन्ध में बताया गया । मेला क्षेत्र में देश-विदेश व भारतवर्ष के विभिन्न क्षेत्रों से आने वाले श्रद्धालुओं की भाषाई समस्या के निराकरण हेतु विभिन्न तकनीकी आयामों जैसे कि भाषिणी एण्ड्राइड एप्प, गूगल ट्रांसलेटर, व ए0आई0 तकनीक आदि की जानकारी दी गयी । मेला क्षेत्र में आने वाले श्रद्धालुओं अथवा उनके परिजनों के गुम हो जाने, रास्ता भटक जाने आदि समस्याओं के निराकरण हेतु खोया पाया केन्द्र पर सोशल मीडिया के माध्यम से पुलिस प्रशासन के साथ ही “कुंभ मित्र” टीम के गठन किये जाने तथा सम्बन्धित विभिन्न तकनीकी उपायों पर चर्चा की गयी । उक्त गोष्ठी में सोशल मीडिया सेल पुलिस आयुक्त, सोशल मीडिया नगर/गंगानगर/यमुनानगर/कुम्भ व सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर्स द्वारा प्रतिभाग किया गया ।
प्रयागराज : महाकुम्भ 2025 के सकुशल एवं सुरक्षित आयोजन के दृष्टिगत को श्रद्धालुओं के आवागमन को अधिक सुविधाजनक बनाने हेतु गोष्ठी की गयी जिसमें निम्न बिन्दुओं पर प्रमुखता से चर्चा की गयी।
