गोरखपुर:(द दस्तक 24 न्यूज़) 24 जुलाई 2025 मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने आज गोरखपुर में आयोजित एक महत्वपूर्ण बैठक में गोरखपुर और बस्ती मंडलों के सांसदों, विधायकों एवं वरिष्ठ अधिकारियों के साथ आगामी विकास योजनाओं की समीक्षा की। बैठक का मुख्य फोकस क्षेत्रीय सड़क परियोजनाओं और जन आकांक्षाओं के अनुरूप विकास कार्यों को गति देने पर रहा।
मुख्यमंत्री ने स्पष्ट निर्देश दिए कि विधानसभा क्षेत्रों में सड़क निर्माण के प्रस्ताव जनप्रतिनिधियों की प्राथमिकता और सहमति से तैयार किए जाएं। उन्होंने कहा कि जिन सड़कों से अधिक जनसंख्या लाभान्वित होती है, उन्हें प्राथमिकता पर लेते हुए त्वरित एस्टीमेट तैयार कर निर्माण कार्य शुरू किया जाए। साथ ही, निर्माण कार्य की गुणवत्ता से कोई समझौता न हो और तय समय-सीमा के भीतर कार्य पूरे किए जाएं।
सीएम ग्रिड योजना में नगरीय सड़कों को शामिल करने के निर्देश
मुख्यमंत्री ने कहा कि नगरीय क्षेत्रों की सड़कों को “सीएम ग्रिड योजना” के तहत विकसित किया जाए, ताकि शहरों में सुगम और टिकाऊ यातायात व्यवस्था सुनिश्चित की जा सके।
बाढ़ प्रभावित सड़कों के लिए विशेष कार्ययोजना
मुख्यमंत्री योगी ने बाढ़ से क्षतिग्रस्त सड़कों के पुनर्निर्माण के लिए लोक निर्माण विभाग को विशेष कार्ययोजना बनाने के निर्देश दिए। उन्होंने आपदा राहत निधि का उपयोग करते हुए सुदृढ़ीकरण कार्य शीघ्र शुरू कराने को कहा।
धार्मिक स्थलों को प्रमुख मार्गों से जोड़ने की पहल
पर्यटन को बढ़ावा देने के उद्देश्य से मुख्यमंत्री ने कहा कि जिन धार्मिक स्थलों का विकास किया गया है या किया जा रहा है, उन्हें प्रमुख सड़कों से जोड़ा जाए। यदि कोई जनप्रतिनिधि इस संबंध में प्रस्ताव देता है तो तत्काल एस्टीमेट तैयार कर कार्य शुरू कराया जाए।
जनप्रतिनिधि बनें विकास के ब्रांड एम्बेसडर
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने जनप्रतिनिधियों से आह्वान किया कि वे विकास कार्यों के ब्रांड एम्बेसडर बनें और जनता के बीच रहकर योजनाओं की जानकारी दें। साथ ही, वे अपने क्षेत्रों में संचालित परियोजनाओं का निरीक्षण कर समस्याओं के समाधान के लिए अधिकारियों के साथ मिलकर सक्रिय भूमिका निभाएं।
बैठक में कृषि मंत्री सूर्य प्रताप शाही, ग्राम्य विकास राज्यमंत्री विजय लक्ष्मी गौतम, सांसद रवि किशन शुक्ल, महापौर डॉ. मंगलेश श्रीवास्तव सहित कई जनप्रतिनिधि एवं वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारी उपस्थित रहे। मुख्यमंत्री ने लोक निर्माण विभाग द्वारा प्रस्तुत डिजिटल प्रेजेंटेशन के माध्यम से प्रस्तावित सड़क योजनाओं की समीक्षा भी की।
