एशिया कप 2025 सुपर-4 चरण में भारत और पाकिस्तान (Ind vs Pak) के बीच खेले गए हाई-वोल्टेज मुकाबले के दौरान मैदान के बाहर एक ऐसा वाकया सामने आया, जिसने क्रिकेट फैंस और विशेषज्ञों को हैरान कर दिया। पाकिस्तान के तेज गेंदबाज हारिस रऊफ विकेट निकालने में नाकाम रहे तो उनका गुस्सा दर्शकों पर उतर आया। सोशल मीडिया पर वायरल एक वीडियो में उन्हें भारतीय दर्शकों की ओर विवादित इशारे करते हुए देखा जा सकता है।
कोहली की याद दिलाने पर भड़के रऊफ
मैच के दौरान जब हारिस रऊफ बाउंड्री लाइन पर फील्डिंग कर रहे थे, तब भारतीय फैंस ने जोर-जोर से “विराट कोहली, विराट कोहली” के नारे लगाने शुरू कर दिए। फैंस 2022 टी20 वर्ल्ड कप का जिक्र कर रहे थे, जब मेलबर्न में विराट कोहली ने उनके ओवर में लगातार दो छक्के जड़कर मैच का रुख बदल दिया था। यही याद दिलाए जाने पर रऊफ का धैर्य टूट गया और उन्होंने दर्शकों की ओर ‘6-0’ का इशारा किया। इसके तुरंत बाद उन्होंने हाथों से ऐसा इशारा किया मानो कोई हवाई जहाज गिर रहा हो।
‘विमान गिराने’ वाले इशारे पर विवाद
कहा जा रहा है कि यह इशारा पाकिस्तान के उस पुराने दावे से जुड़ा है, जिसमें उन्होंने कहा था कि एक संघर्ष के दौरान भारत के छह लड़ाकू विमान गिराए गए थे। सोशल मीडिया पर इस हरकत का वीडियो तेजी से फैल गया और भारतीय फैंस ने इसे बेहद भड़काऊ और असंवेदनशील करार दिया।
क्या कहते हैं आईसीसी के नियम
आईसीसी (ICC) खिलाड़ियों को मैदान पर किसी भी तरह के राजनीतिक, धार्मिक या जातिगत संदेश देने से सख्ती से रोकता है। इससे पहले भी कई क्रिकेटरों को इस नियम के तहत रोका जा चुका है।
इंग्लैंड के मोईन अली को “Save Gaza” और “Free Palestine” लिखे कलाईबैंड पहनने की इजाजत नहीं दी गई थी।
ऑस्ट्रेलिया के बल्लेबाज उस्मान ख्वाजा को अपने जूतों पर सिर्फ शांति का प्रतीक लगाने से भी रोक दिया गया था।
2019 वर्ल्ड कप में एमएस धोनी को विकेटकीपिंग ग्लव्स से बलिदान बैज हटाने का निर्देश दिया गया था।
इन सभी मामलों में आईसीसी ने साफ कर दिया था कि मैदान पर व्यक्तिगत संदेश दिखाने की अनुमति नहीं है।
हारिस रऊफ पर बन सकता है मामला
इसी पृष्ठभूमि में हारिस रऊफ की हरकत को लेकर अब सवाल उठ रहे हैं कि क्या उन पर भी कार्रवाई होगी। विशेषज्ञों का मानना है कि यह सीधे तौर पर आईसीसी के ‘कपड़े और उपकरण संबंधी नियम’ का उल्लंघन है, क्योंकि उनका इशारा राजनीतिक अर्थ लिए हुए है। यदि आईसीसी इसे संज्ञान में लेता है तो रऊफ को डिमेरिट अंक के साथ-साथ मैच फीस का 50 प्रतिशत तक जुर्माना भी भरना पड़ सकता है।
