आदर्श कुमार की कलम से …….वर्ष 2014 में नरेंद्र मोदी ने विश्व पटल पर अपने लिए तब विशेष सम्मान अर्जित किया जब उन्होंने दुनिया के सबसे बड़े लोकतंत्र में किसी दल को तीस साल बाद अपने दम पर बहुमत दिलाने का करिश्मा किया था। अब उनकी शानदार जीत न केवल उन्हें अंतरराष्ट्रीय स्तर पर स्थापित करेगी, बल्कि इससे दुनिया के पहली पांत के नेताओं में उनकी स्थिति और मजबूत होगी। इसके साथ ही क्षेत्र में उनके समकक्ष और दुनियाभर की बड़ी शक्तियों के नेता उनके और भारत के साथ रिश्ते…
Day: May 28, 2019
BJP ने तय किया अगला लक्ष्य, 2024 में जानें कितनी सीटों पर है नजर
भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने अगले लोकसभा चुनाव (2024) के लिए लक्ष्य तय कर लिया है। पार्टी ने अगले चुनाव में 333 सीटें जीतना चाहती है। बीजेपी नेता सुनील देवधर ने इस आंकड़े की जानाकरी दी है। बता दें कि बीजेपी ने साल 2014 लोकसभा चुनाव में 282 और हाल ही में आए नतीजों में 303 सीटें हासिल की। लेकिन अब बीजेपी की इच्छा और अधिक सीटें जीतने की है। राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ से बीजेपी में आए सुनील देवधर ने बताया कि साल 2014 के लिए हमारा पश्चिम बंगाल…
भाजपा की जीत के लिए आरएसएस ने की बड़ी मेहनत !लगाए थे एक करोड़ कार्यकर्ता
लोकसभा चुनाव में पहली बार देश में भारतीय जनता पार्टी को इतनी बड़ी जीत मिली है। इस जीत में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के उन लाखों कार्यकर्ताओं का महत्वपूर्ण योगदान रहा, जिन्होंने रात-दिन जमीनी स्तर पर काम किया। इसके साथ ही संघ के विभिन्न अनुषांगिक संगठनों की ओर से गांवों में किए जा रहे कार्यो का लाभ भी भाजपा को मिला। पश्चिम बंगाल, उत्तर प्रदेश, बिहार एवं झारखंड में मिली इतनी बड़ी जीत में तो संघ परिवार के कार्यकर्ताओं के योगदान को भुलाया नहीं जा सकता है। चुनाव की घोषणा होने…
उपेंद्र कुशवाहा की असली किरकिरी अब हुई है
उपेंद्र कुशवाहा. राष्ट्रीय लोकसमता पार्टी के मुखिया हैं. 2019 में बिहार की दो सीटों से लोकसभा का चुनाव लड़े थे. सीटें थी काराकाट और उजियारपुर. दोनों ही सीटों पर हार गए. काराकाट सीट पर उन्हें जदयू के प्रत्याशी महाबली सिंह से मात मिली तो उजियारपुर में उन्हें बीजेपी के प्रदेश अध्यक्ष नित्यानंद राय के हाथों हार का सामना करना पड़ा. इसके अलावा उनके खाते में आईं और तीन सीटों पर भी उनके उम्मीदवार हार गए. इस तरह से 2014 में तीन सांसदों के साथ लोकसभा में पहुंचे उपेंद्र कुशवाहा और…
भाजपा अध्यक्ष अमित शाह बोले – चौथा दल करता गठबंधन तो भी होती प्रचंड जीत
भाजपा अध्यक्ष अमित शाह ने कहा कि वर्ष 2019 के चुनाव में विपक्षी पार्टियों ने गठबंधन कर मोदी सरकार को दोबारा आने से रोकने की कोशिश की। यह देख भाजपा ने 50 फीसद मत को पक्ष में करने की रणनीति बनाई। तय हुआ कि एक-दो व तीन नहीं बल्कि चौथा दल भी गठबंधन कर ले तो भी हम 50 फीसद के लक्ष्य को पूरा कर प्रचंड जीत हासिल करेंगे। हुआ भी यही, पीएम मोदी पर जनता ने भरोसा जताया और उप्र में भाजपा को 50 फीसद से अधिक मत मिले।…
