Monday, 14 September 2026 | 10:08 PM
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मोबाइल बैंकिंग या नेटबैंकिंग का पासवर्ड स्ट्रॉन्ग बनाने के तरीके, जानिए कैसे बचें बैंकिंग फ्रॉड से

तेजी से डिजीटल होती दुनिया में उतनी ही रफ्तार से ऑनलाइन धोखाधड़ी भी बढ़ी है. कोरोना महामारी से बैंकिंग फ्रॉड और ऑनलाइन ठगी तो और तेजी से बढ़ी है. बढ़ते ऑनलाइन फ्रॉड्स को देखते हुए स्टेट बैंक ऑफ इंडिया (SBI) ने लोगों को नेटबैंकिंग या मोबाइल बैंकिंग का पासवर्ड स्ट्रॉन्ग रखने की सलाह दी है. कुछ खास तरी
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मोबाइल बैंकिंग या नेटबैंकिंग का पासवर्ड स्ट्रॉन्ग बनाने के तरीके, जानिए कैसे बचें बैंकिंग फ्रॉड से
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तेजी से डिजीटल होती दुनिया में उतनी ही रफ्तार से ऑनलाइन धोखाधड़ी भी बढ़ी है. कोरोना महामारी से बैंकिंग फ्रॉड और ऑनलाइन ठगी तो और तेजी से बढ़ी है. बढ़ते ऑनलाइन फ्रॉड्स को देखते हुए स्टेट बैंक ऑफ इंडिया (SBI) ने लोगों को नेटबैंकिंग या मोबाइल बैंकिंग का पासवर्ड स्ट्रॉन्ग रखने की सलाह दी है. कुछ खास तरीके अपनाकर आप अपना पासवर्ड स्ट्रॉन्ग बना सकते हैं. इससे आपको ऑनलाइन फ्रॉड से बचने में मदद मिलेगी. मजबूत पासवर्ड से आप एक हद तक खुद के पैसों और जानकारी को सुरक्षित कर सकते हैं.

इन तरीकों से पासवर्ड को बना सकते हैं स्ट्रॉन्ग

पासवर्ड में Uppercase और Lowercase दोनों का कॉम्बिनेशन हो. जैसे – aBjsE7uG.
पासवर्ड में नंबर्स और सिंबल दोनों का इस्तेमाल करें. जैसे – AbjsE7uG61!@
आपके पासवर्ड में 8 लेटर्स तो कम से कम होने चाहिए. जैसे – aBjsE7uG
कॉमन डिक्शनरी शब्दों जैसे- itislocked और thisismypassword का इस्तेमान ना करें.
कीबोर्ड पाथ जैसे ‘qwerty’ या ‘asdfg’ का इस्तेमाल नहीं करना चाहिए. इसकी जगह “:)”, “:/’ का इस्तेमाल करें.
बहुत कॉमन पासवर्ड जैसे 12345678 या abcdefg ना बनाएं.
आसानी से अंदाजा लगाने वाले सब्सटिट्यूशन का इस्तेमाल ना करें. जैसे – DOORBELL-DOOR8377
पासवर्ड को अपने नाम और जन्मतिथि से ना जोड़ें. जैसे – Ramesh@1967.

ये है हेल्पलाइन नंबर
होम मिनिस्ट्री और दिल्ली पुलिस की साइबर सेल ने 155260 हेल्पलाइन शुरू किया है. यदि आप किसी भी तरह के ऑनलाइन फ्रॉड के शिकार होते हैं तो तुरंत इस नंबर पर कॉल करें. यह हेल्पलाइन नंबर दिल्लीय राजस्थान, उत्तराखंड, छत्तीसगढ़, उत्तर प्रदेश, असम, तमिलनाडु और आंध्र प्रदेश में 24 घंटे और सातों दिन उपलब्ध है. अन्य राज्यों और यूटी में यह सुबह 10 बजे से शाम छह बजे तक उपलब्ध है.

ये है साइबर पोर्टल
ऑनलाइन ठगी की घटनाओं को रोकने के लिए गृह मंत्रालय के साइबर पोर्टल https://cybercrime.gov.in/ और दिल्ली पुलिस की साइबर सेल के साथ 155260 पायलट प्रोजेक्ट पिछले साल नवंबर में शुरू हुआ था लेकिन अब इसे पूरी तरह लॉन्च कर दिया गया है. यह इंडियन साइबर क्राइम को-ऑर्डिनेशन का ऐसा प्लेटफॉर्म है जिसकी पहली यूजर दिल्ली बनी है.

इस प्लेटफॉर्म से मिलती है लोगों को मदद
करीब 55 बैंक्स, ई वॉलेट्स, ई कॉमर्स साइट्स, पेमेंट गेटवेज व अन्य संस्थानों के साथ मिलकर इंटरकनेक्ट प्लेटफॉर्म है जिसका नाम है ‘सिटिजन फाइनेंशियल साइबर फ्रॉड रिपोर्टिंग सिस्टम’. इस प्लेटफॉर्म के जरिए बेहद कम समय में ऑनलाइन फाइनेंशियल फ्रॉड्स के शिकार लोगों को बचाया जा सकता है.

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