Monday, 14 September 2026 | 9:57 PM
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फर्रुखाबाद में संवेदनशील पुलिसिंग की मिसाल, क्षेत्राधिकारी ऐश्वर्या उपाध्याय ने बुजुर्ग महिला की सुनी फरियाद

फर्रुखाबाद:(द दस्तक 24 न्यूज़) 13 अप्रैल 2026 “पुलिस केवल अनुशासन ही नहीं, बल्कि सेवा का भी नाम है” — इस कथन को चरितार्थ करते हुए फर्रुखाबाद में एक मानवीय और प्रेरणादायक दृश्य देखने को मिला। जनसुनवाई के दौरान क्षेत्राधिकारी साइबर क्राइम/यातायात ऐश्वर्या उपाध्याय ने संवेदनशीलता का परिचय देते हुए एक ब
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फर्रुखाबाद में संवेदनशील पुलिसिंग की मिसाल, क्षेत्राधिकारी ऐश्वर्या उपाध्याय ने बुजुर्ग महिला की सुनी फरियाद
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फर्रुखाबाद:(द दस्तक 24 न्यूज़) 13 अप्रैल 2026 “पुलिस केवल अनुशासन ही नहीं, बल्कि सेवा का भी नाम है” — इस कथन को चरितार्थ करते हुए फर्रुखाबाद में एक मानवीय और प्रेरणादायक दृश्य देखने को मिला। जनसुनवाई के दौरान क्षेत्राधिकारी साइबर क्राइम/यातायात ऐश्वर्या उपाध्याय ने संवेदनशीलता का परिचय देते हुए एक बुजुर्ग महिला की मदद के लिए स्वयं आगे कदम बढ़ाया।

दरअसल, जनसुनवाई के लिए पहुंची एक बुजुर्ग महिला शारीरिक असमर्थता के कारण कार्यालय की सीढ़ियां चढ़ने में असमर्थ थीं। जैसे ही इस बात की जानकारी क्षेत्राधिकारी ऐश्वर्या उपाध्याय को हुई, उन्होंने बिना किसी औपचारिकता के स्वयं कार्यालय से बाहर आकर महिला से मुलाकात की।

उन्होंने बुजुर्ग महिला से प्रार्थना पत्र लिया और उनकी समस्या को गंभीरता से सुना। इसके बाद संबंधित अधिकारियों को आवश्यक कार्रवाई करने के निर्देश भी मौके पर ही दिए। इस दौरान उनका व्यवहार बेहद संवेदनशील और सहानुभूतिपूर्ण रहा, जिसने वहां मौजूद लोगों का दिल जीत लिया।

इस पहल ने यह साबित कर दिया कि पुलिस की जिम्मेदारी केवल कानून-व्यवस्था बनाए रखना ही नहीं, बल्कि समाज के हर वर्ग की सेवा करना भी है। क्षेत्राधिकारी की इस कार्यशैली की स्थानीय लोगों द्वारा सराहना की जा रही है और इसे पुलिस की मानवीय छवि का एक उत्कृष्ट उदाहरण माना जा रहा है।

निष्कर्ष:

ऐसे कार्य समाज में विश्वास और सुरक्षा की भावना को मजबूत करते हैं। फर्रुखाबाद पुलिस का यह मानवीय चेहरा निश्चित रूप से अन्य अधिकारियों के लिए भी प्रेरणा का स्रोत बनेगा।